टनकपुर जीआरपी कर्मी अतिक्रमण हटाने को लेकर नोटिस चश्पा करते हुए। संवाद
टनकपुर (चंपावत)। रेलवे बोर्ड की ओर से रेलवे की जमीन पर हुए अतिक्रमण को हटाने के लिए कार्रवाई की हरी झंडी मिलते ही पूर्वोत्तर रेलवे सक्रिय हो गया है। रेलवे की टीम ने अतिक्रमण का सर्वे शुरू करते हुए दो दिन में 160 अतिक्रमण चिह्नित कर 80 जगहों पर नोटिस भी चस्पा कर दिए हैं। इसमें रेलवे भूमि को खाली करने के लिए एक सप्ताह का समय दिया गया है। इस कार्रवाई से अतिक्रमणकारियों में खलबली मची हुई है।
जीआरपी के हेड कांस्टेबल जगदीश नाथ, वीरेंद्र सिंह राणा के साथ आईडब्ल्यू के कर्मचारियों ने सर्वे कर अतिक्रमण चिह्नित किया। बुधवार देर शाम को टीम ने राजाराम चौराहा की ओर 20 चिह्नित अतिक्रमण पर नोटिस चस्पा किए। वार्ड तीन और चार में बस स्टेशन रोड, मछली गली आदि में रेलवे भूमि पर चिह्नित अतिक्रमण पर दूसरे दिन बृहस्पतिवार सुबह से ही टीम नोटिस चस्पा करने में जुटी रही।
टीम ने दोपहर तक 60 जगहों पर और नोटिस लगाए। रेलवे की कार्रवाई से अतिक्रमणकारियों में खलबली मची रही। रेलवे के सीनियर सेक्शन इंजीनियर नेहरु सिंह मीणा ने दूरभाष पर बताया कि रेलवे बोर्ड के निर्देश पर कार्रवाई की जा रही है। संबंधित लोगों को सात दिन के भीतर अतिक्रमण हटाने के निर्देश दिए गए हैं।
नोटिस में किसी के हस्ताक्षर न होने से कड़ा रोष जताया
पूर्वोत्तर रेलवे की ओर से चस्पा किए जा रहे नोटिस में किसी भी अधिकारी का हस्ताक्षर और नाम न होने पर वार्ड चार के सभासद अब्दुल वकील अंसारी ने कड़ा रोष जताया। उन्होंने कहा कि बिना हस्ताक्षर के नोटिस चस्पा किए जा रहे हैं। बस स्टेशन रोड के पनास नोटिस चस्पा करने के दौरान टीम को बिना हस्ताक्षर के सवाल पर लोगों के रोष का सामना करना पड़ा। हालांकि टीम नोटिस चिपकाने के बाद आगे बढ़ गई।