चंपावत। डीएम नवनीत पांडेय ने बताया कि समान नागरिक संहिता नियमावली उत्तराखंड के तहत राज्य सरकार ने एक महत्वपूर्ण निर्णय लिया है। ऐसे नागरिक जिनका विवाह संहिता लागू होने से पूर्व हुआ है लेकिन जिनका विवाह अभी तक पंजीकृत नहीं हुआ है उन्हें 250 रुपये पंजीकरण शुल्क में पूरी छूट दी गई है। यह छूट 26 जुलाई 2025 तक प्रभावी रहेगी। यदि नागरिक सीएससी केंद्रों के माध्यम से सेवा प्राप्त करते हैं, तो उन्हें पूर्ववत 50 रुपये जीएसटी सहित सेवा शुल्क का भुगतान करना होगा। उन्होंने नागरिकों से अवसर का लाभ उठाते हुए विवाह पंजीकरण कराने की अपील की है। कहा कि यह न केवल विधिक दस्तावेज के रूप में उपयोगी है, बल्कि इससे सामाजिक सुरक्षा और पारिवारिक अधिकारों की पुष्टि भी सुनिश्चित होती है। संवाद