पंचायती राज एक्ट में संशोधन की मांग को लेकर मुख्यमंत्री को संबोधित ज्ञापन लोहाघाट में एसडीएम शिप्रा जोशी को देते ग्राम प्रधान।
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पंचायती राज एक्ट में दो से अधिक संतान वाले लोगों को त्रिस्तरीय पंचायती चुनाव के लिए अयोग्य घोषित किए जाने से ग्राम प्रधान भड़क गए हैं। ग्राम प्रधानों ने एसडीएम के जरिए मुख्यमंत्री को ज्ञापन भेज दो बच्चों की बाध्यता समाप्त करने की मांग की है। एक्ट में संशोधन नहीं होने पर ग्राम प्रधानों ने सड़कों में उतरने की चेतावनी दी है।
बुधवार को ग्राम प्रधान संगठन के लोहाघाट ब्लाक अध्यक्ष चांद सिंह बोहरा के नेतृत्व में प्रधानों ने एसडीएम शिप्रा जोशी के जरिये सीएम को इस संबंध में ज्ञापन भेजा। प्रधानों का कहना था कि जब कोई एक्ट पास होता है, तो उसकी समय सीमा तय होती है। लेकिन सरकार ने इसकी कोई समय सीमा तय नहीं की है। इस फैसले से पंचायती चुनावों की तैयारी कर रहे ढेरों लोग आहत हुए हैं। एक्ट को लागू करने से पूर्व समय सीमा तय करने तथा विधानसभा और लोकसभा चुनाव में भी ऐसा ही प्रावधान लागू करने की मांग की गई। ज्ञापन देने वालों में सुभाष विश्वकर्मा, मदन कलौनी, पुष्पा देवी, राजेंद्र प्रसाद, जानकी देवी, मदन राम, पुष्पा देवी, चंद्रशेखर कलौनी, राजेंद्र सिंह पाटनी, रमेश पाटनी, हेमा देवी, सोबन बोहरा, संजय फत्र्याल, भुवन चौबे आदि शामिल थे। ब्यूरो