चंपावत में स्वांला के समीप बारहमासी सड़क से मलबा साफ करती जेसीबी मशीन।
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चंपावत। जिले में यात्रा को आसान बनाने और सालभर वाहनों की आवाजाही सुचारु करने के लिए वर्ष 2017 से टनकपुर से पिथौरागढ़ के बीच बारहमासी सड़क का निर्माण किया जा रहा है, लेकिन बारहमासी सड़क यात्रियों के सफर में भारी पड़ रही है। सप्ताहभर में घाट और सूखीढांग के बीच में बारहमासी सड़क 12 से अधिक समय तक बंद हो गई। इससे मार्ग से सफर करने वाले यात्रियों के साथ ही मालवाहक वाहनों आदि के संचालन में परेशानी का सामना करना पड़ा।
चीन सीमा के मद्देनजर सामरिक महत्व की बारहमासी सड़क 12 महीने तो दूर मौसम की पहली बारिश भी नहीं झेल पाई है। सूखीढांग से चंपावत और चंपावत से भारतोली के बीच 12 से अधिक स्थानों पर भारी मात्रा में मलबा आने के कारण बारहमासी सड़क का बंद होना आम हो गया है, जबकि कार्यदायी संस्था एनएच की ओर से बारहमासी सड़क में 95 फीसदी से अधिक काम पूरा होने का दावा किया जा रहा है। करीब डेढ़ हजार करोड़ रुपये की लागत से निर्माणाधीन बारहमासी सड़क अपने निर्धारित लक्ष्य के दो साल पीछे है। इस सड़क को नवंबर 2019 में पूरा किया जाना था, लेकिन मौसम की खराबी और कोरोना के कारण सड़क के निर्माण अवधि को अब 30 सितंबर तक बढ़ाया गया है।
अब नए स्थानों पर विकसित हो रहे डेंजर जोन
चंपावत। टनकपुर से पिथौरागढ़ के बीच बारहमासी सड़क में अब नए स्थानों पर डेंजर जोन विकसित हो रहे हैं। सड़क कटिंग के दौरान बड़े पहाड़ों को काटने के कारण इन स्थानों में नए डेंजर जोन विकसित हो गए हैं। एनएच के ईई एलडी मथेला के अनुसार पुराने डेंजर जोनों का निस्तारण करने के साथ ही नए डेंजर जोन के निस्तारण की कार्ययोजना बनाई जा रही है। (संवाद)
एनएच पर दोपहर बाद शुरू हो सकी वाहनों की आवाजाही
चंपावत। चंपावत-टनकपुर के बीच शुक्रवार दोपहर बाद वाहनों की आवाजाही शुरू हो गई। स्वांला के पास कई बार मलबा गिरने से एनएच बंद हो रहा था। दोपहर बाद पहाड़ी से मलबा गिरना बंद हो गया। इसके बाद यहां से वाहनों की आवाजाही शुरू हो सकी। जिला आपदा नियंत्रण कक्ष से मिली जानकारी के मुताबिक मंगलवार से चंपावत-टनकपुर के बीच कई स्थानों पर मलबा गिरने से आवाजाही बंद हो गई थी। इस वजह से सैकड़ों यात्री राजमार्ग में फंस गए थे। मशक्कत के बाद शुक्रवार सुबह स्वांला के पास सड़क से मलबे को हटाकर वाहनों की आवाजाही शुरू की गई, लेकिन इसके कुछ समय बाद ही इसी स्थान पर एनएच फिर बंद हो गया। दोपहर करीब 12:30 बजे मलबा हटा कर दोबारा वाहनों की आवाजाही शुरू की जा सकी। (संवाद)