लोहाघाट (चंपावत)। बाराकोट सिमलखेत मोटर मार्ग की बदहाली पर लोगों ने गहरी नाराजगी जताई है। सड़क पर जगह-जगह बने गहरे गड्ढे दुघर्टनाओं को दावत दे रहे हैं। ग्रामीण दयाल राम, हरीश राम, दिनेश कुमार, महेश चंद्र, पार्वती देवी ने बताया कि वर्ष 2021 में अक्तूबर में आई भारी आपदा के दौरान बाराकोट-सिमलखेत मोटर मार्ग में काकड़ के नर्रा में करीब 100 मीटर सड़क बह गई थी। तीन साल बीतने के बाद भी सड़क पर डामर नहीं हुआ। सड़क में वाहनों की आवाजाही होने से धूल के गुबार उड़ रहे हैं, इससे पैदल आवाजाही करने वालों को लोगों को भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है।
ग्रामीणें का कहना है कि कई बार शासन-प्रशासन को सड़क ठीक करने के लिए ज्ञापन दिया, लेकिन किसी ने समस्या का समाधान नहीं किया। किसी समय बड़ी दुर्घटना होती है तो इसकी जिम्मेदारी शासन-प्रशासन की होगी। इधर, लोनिवि के ईई हितेश कांडपाल ने बताया कि बाराकोट ब्लाक के नर्रा में सड़क पर डामरीकरण का प्रस्ताव बनाकर शासन को भेजा है। स्वीकृति मिलने के बाद कार्य शुरू कर दिया जाएगा।