टनकपुर (चंपावत)। क्षेत्र के दूरस्थ ग्राम ककनई के कलाई तोक में एक महिला को घास करते समयसांप ने डस लिया। आपदा से मार्ग बंद और नदी नालों के उफान पर आने से परिजन महिला को इलाज के लिए तीसरे दिन अस्पताल ला पाए। इस बीच गांव में घरेलू इलाज किया गया। महिला के हाथ में दर्द और सूजन होने पर भर्ती किया गया। परिजनों ने बताया कि बारिश की वजह से अस्पताल नहीं आ पा। अब वाहन चलने पर इलाज के लिए ला पाए।
रविवार को अस्पताल में ककनई के कलाई तोक निवासी मोहन सिंह बिष्ट ने बताया कि उनकी पत्नी लता देवी (27) शुक्रवार दोपहर घर के समीप ही खेत में घास काट रही थी। इस बीच उसके बाएं हाथ में सांप ने दो जगह डंस लिया। सानाजाला नाला उफान में आने और सप्ताह भर पहले पुल बहने से टनकपुर से वाहन नहीं आ पाए।
दो दिन तक घरेलू इलाज किया गया। महिला के हाथ में दर्द सूजन आ गई। मौसम साफ होते ही सुबह इलाज के लिए करीब 68 किलोमीटर दूर से आए हैं। अस्पताल में महिला का इलाज जारी रहा। गनीमत रही कि तीन तक सर्पदंश के कारण महिला की हालत नहीं बिगड़ी। इधर, बीडीसी सदस्य अनिता मेहरा और समाजसेवी पवन मेहरा ने बताया कि बीते दिनों की बरसात में सूखीढांग-डांडा करीब 68 किमी लंबे मार्ग पर दो जगह मार्ग क्षतिग्रस्त हो गया। मार्ग खुलने पर भी ककनई से सुबह के समय तीन ही वाहन टनकपुर-चंपावत को आते हैं। 108 एंबुलेंस की सेवा भी बरसात में नहीं जा पाती है। मरीजों को बरसात में अस्पताल लाने में दिक्कत हो रही है। संवाद