मां पूर्णागिरि के दर्शन कर लौटते समय धाम क्षेत्र में एक बुजुर्ग श्रद्धालु की तबीयत बिगड़ गई। उन्हें 108 एंबुलेंस से उप जिला अस्पताल में लाया गया जहां चिकित्सकों ने मृत घोषित कर दिया। पुलिस के अनुसार शुक्रवार की देर रात में यूपी के जिला एटा के एटा सिटी निवासी रवींद्र कुमार गुप्ता (60) अपने पुत्र मनीष गुप्ता और अन्य सात लोगों के साथ मां पूर्णागिरि के दर्शन कर लौट रहे थे। काली मंदिर के पास उनकी अचानक तबीयत बिगड़ गई। आसपास के दुकानदारों की सूचना पर मेला कमेटी के सदस्यों के सहयोग से उन्हें चारपाई से भैरव मंदिर के पास लाया गया। यहां प्राथमिक चिकित्सा सुविधा न होने पर 108 सेवा से रात करीब 11 बजे उप जिला अस्पताल लाया गया जहां चिकित्सकों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया।
ठूलीगाड़ थाना चौकी इंचार्ज एसआई राकेश कठैत ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा। शनिवार को अस्पताल में मनीष गुप्ता ने बताया कि उनके पिता और अन्य लोग एटा से शुक्रवार सुबह चले और दोपहर बाद तीन बजे टनकपुर पहुंचे। इसके बाद रात करीब आठ बजे मां पूर्णागिरि के दर्शन कर नीचे उतरे रहे थे कि करीब 10 बजे उनके पिता को अटैक आ गया।
स्वास्थ्य सुविधा मिलती तो बच सकती थी जान
टनकपुर क्षेत्र में कोई चिकित्सा सुविधा न होने पर 45 मिनट से अधिक समय लग गया। मेला कमेटी ने चारपाई से सड़क तक पहुंचाया और एंबुलेंस से अस्पताल पहुंचे जहां चिकित्सकों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। बताया कि उनके परिवार में तीन पुत्र और तीन पुत्रियां हैं। सबसे बड़ा दीपक, दूसरे नंबर पर मनीष और सबसे छोटा पुत्र अभिषेक है। तीनों पुत्रियों की शादी हो चुकी है।