दुर्घटनाओं को दावत देती लोहाघाट की डिग्रीकॉलेज-पोखरीबोरा सड़क।
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डिग्रीकॉलेज-पोखरीबोरा सड़क मार्ग की बदहाली पर ग्रामीणों ने गहरी नाराजगी जताई है। उन्होंने शीघ्र सड़क पर डामरीकरण कार्य कराने के साथ उसकी हालत ठीक करने की मांग की है। चेतावनी दी है कि शीघ्र सड़क की हालत ठीक नहीं की गई तो ग्रामीण उग्र आंदोलन के लिए बाध्य होंगे।
जिला ग्राम प्रधान संगठन के अध्यक्ष ललित मोहन जोशी, जनार्दन जोशी, पूर्व प्रधान लालमणि राय, महेश सिंह डांगी, शिवराज सिंह, कैलाश राम, किशोर चिल्कोटी, नाथ सिंह डांगी आदि ग्रामीणों का कहना है कि वर्ष 2006 में स्पेशल कंपोनेंट प्लान के तहत डिग्री कॉलेज से गंगनौला नसखोला होते हुए अंबेडकर गांव पोखरी बोरा तक 445 लाख रुपये से 25 किमी लंबी सड़क स्वीकृत की गई थी। जिसका कार्य अधर में लटका हुआ है।
ग्रामीणों का कहना है कि लोक निर्माण विभाग ने डिग्री कॉलेज से पोखरीबोरा तक सड़क के कटान का कार्य पहले ही पूरा कर लिया गया है, उसके बाद डिग्री कॉलेज से डैंसली गधेरे तक करीब तीन वर्ष पूर्व तीन किमी सड़क में डामरीकरण का भी कार्य पूरा हो चुका है। जिसके बाद से आगे की ओर डामरीकरण का कार्य नहीं हो पा रहा है। ग्रामीणों का कहना है कि इस मार्ग में भुमलाई, गल्लागांव, डैंसली, कोयाटी, गंगनौला, नसखोला, खतेड़ा, पोखरी बोरा गांव की करीब 10 हजार की आबादी इस सड़क पर निर्भर है। ग्रामीणों का कहना है कि सड़क में की गई सोलिंग उखड़ी हुई है। लोनिवि के अधिशासी अभियंता बीसी पंत का कहना है कि डैंसली गधेरे से आगे तीन किमी सड़क को पक्का करने का रिवाइज स्टीमेट शासन को भेजा है। स्वीकृति मिलने के बाद आगे की कार्यवाही की जाएगी।