छात्रा के साथ राजकीय महाविद्यालय के वरिष्ठ लिपिक द्वारा किए गए कथित दुर्व्यवहार को लेकर शनिवार को एबीवीपी और एनएसयूआई कार्यकर्ताओं में हाथापाई हो गई, जिससे कॉलेज मेें अफरा-तफरी का माहौल बना रहा। मौके पर पहुंची पुलिस ने जैसे-तैसे स्थिति संभाली।
शनिवार को एक छात्रा फीस की रसीद कटवाने गई तो वरिष्ठ लिपिक कपिल कुमार ने कथित तौर पर उसके फार्म को फेंककर रसीद काटने से इनकार कर दिया। छात्रा ने इसकी सूचना पूर्व छात्रा उपाध्यक्ष फातिमा खातून को दी तो वह एबीवीपी के नितिन मंगला, नीरज कुमार, उमेश कुमार, सुरेंद्र बिष्ट आदि को लेकर कॉलेज पहुंची। उन्होंने वरिष्ठ लिपिक से छात्रा से माफी मांगने को कहा, लेकिन वह माफी मांगने को तैयार नहीं हुए, जिसे लेकर वरिष्ठ लिपिक और एबीवीपी कार्यकर्ताओं में नोकझोंक होने लगी।
इसका पता लगने पर एनएसयूआई के मो. हारून, दीपक बेलवाल, छात्र संघ अध्यक्ष सूरज प्रसाद, महामंत्री कार्तिकेय बागी, अनीता पांडेय, निशा जोशी भी कालेज के दफ्तर में आ धमके और वरिष्ठ लिपिक का पक्ष लेते हुए माफी नहीं मांगने की बात कहने लगे। इस पर एबीवीपी और एनएसयूआई कार्यकर्ताओं में हाथापाई शुरू हो गई। प्रभारी प्राचार्य सुुनील कुमार कटियार की सूचना पर कोतवाल कमल राम आर्या मय फोर्स कॉलेज पहुंचे और जैसे-जैसे मामले को शांत कराया। प्रभारी प्राचार्य कटियार ने बताया कि सोमवार को प्राचार्य डा.जी प्रकाश कॉलेज लौटेंगी तो मामले पर अग्रिम कार्रवाई के बारे में विचार किया जाएगा।