मोटी रकम खर्च कर स्टेडियम में बनाया गया ऑक्सीजन सुविधायुक्त अस्थायी कोविड केयर सेंटर शोपीस बनकर रह गया है। क्षेत्र में कोरोना संक्रमितों की संख्या हर दिन बढ़ रही है लेकिन इस सेंटर में अब तक एक भी मरीज को आइसोलेट नहीं किया गया है। स्वास्थ्य विभाग का कहना है कि कोई भी संक्रमित केयर सेंटर में आइसोलेट रहने को तैयार नहीं है। विभाग के पास स्टाफ भी कम है। ऐसे में मरीजों की देखरेख कर पाना संभव नहीं होगा।
कोरोना की दूसरी लहर को देख प्रशासन ने स्टेडियम भवन में 50 बेड का अस्थायी कोविड केयर सेंटर बनाया है। इस सेंटर में ऑक्सीजन सुविधायुक्त दस बेड की भी व्यवस्था की गई है। सेंटर तैयार हुए एक सप्ताह से अधिक समय बीत चुका है लेकिन सेंटर में अब तक एक भी संक्रमित को न तो आइसोलेट किया गया है और न ही आक्सीजन की जरूरत वाला कोई मरीज भर्ती हुआ है।
सीएमएस डॉ. एसएस हयांकी का कहना है कि केयर सेंटर में सभी व्यवस्थाएं हैं लेकिन विभाग के पास स्टाफ की कमी है। केयर सेंटर के लिए न तो फिजिशियन है और न ही पर्याप्त चतुर्थ श्रेणी कर्मचारी हैं। कोई भी संक्रमित मरीज केयर सेंटर में आइसोलेट होने को तैयार नहीं है। हर कोई अपने घर में आइसोलेशन की व्यवस्था होने की बात कह रहा है। अब तक ऐसा कोई मरीज नहीं आया है जिसे ऑक्सीजन की जरूरत हो।
टनकपुर में 58 और मिले कोरोना संक्रमित
टनकपुर। संयुक्त चिकित्सालय में कोरोना की आरटीपीसीआर व एंटीजन जांच जारी है। शनिवार को आई आरटीपीसीआर जांच रिपोर्ट में 40 लोग और कोरोना संक्रमित पाए गए हैं। एंटीजन टेस्ट में भी 18 लोगों की रिपोर्ट कोरोना पॉजिटिव आई है। सीएमएस डॉ. एचएस हयांकी ने बताया कि सभी संक्रमितों को घर पर ही आइसोलेट किया गया है। शनिवार को आरटपीसीआर जांच के लिए 210 लोगों के सैंपल लेकर एसटीएच हल्द्वानी भेजे गए हैं। (संवाद)