फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

भारत-नेपाल सीमा पर कोरोना की रोकथाम बनी चुनौती

विज्ञापन
टनकपुर से लगी नेपाल सीमा पर बगैर कोरोना वायरस से बेखौफ मास्क लगाए आवाजाही करते यात्री। - फोटो : TANAKPUR
विज्ञापन
टनकपुर (चंपावत)। मां पूर्णागिरि मेले में श्रद्धालुओं की बड़ी संख्या में नेपाल आवाजाही के बीच कोरोना वायरस को लेकर सीमा पर दोनों ओर स्वास्थ्य महकमा अलर्ट है। बनबसा सीमा पर आवाजाही में सुरक्षा बरती जा रही है, लेकिन टनकपुर सीमा पर बगैर मास्क बेखौफ आवाजाही हो रही है। यहां सीमा पर कोरोना की रोकथाम करना चुनौती बना हुआ है। हालांकि स्वास्थ्य विभाग की टीम लोगों के स्वास्थ्य की जांच में जुटी है।
विज्ञापन

चीन से फैला कोरोना वायरस अब तक कई देशों में दस्तक दे चुका है। भारत में भी संदिग्ध रोगियों के मिलने के बाद पूरे देश में अलर्ट जारी कर स्वास्थ्य विभाग को सतर्क किया गया है। राज्य में भी करीब 32 संदिग्ध मरीज डॉक्टरों की निगरानी में हैं। इधर कोरोना के खौफ के बीच पूर्णागिरि मेला गत बुधवार से मार्च से शुरू हो गया है। लेकिन मेला क्षेत्र में कोरोना की रोकथाम के पुख्ता इंतजाम तक नहीं है। भारत-नेेपाल के बीच भी बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं की आवाजाही हो रही है। एसीएमओ डॉ. एचएस हयांकी ने बताया कि पूर्णागिरि मेले श्रीनगर मेडिकल कॉलेज से तीन और सुशीला तिवारी मेडिकल कॉलेज हल्द्वानी से छह डॉक्टरों की टीम पहुंच गई है। जिन्हें मेला क्षेत्र में तैनात किया गया है। उधर नेपाल स्वास्थ्य विभाग के अधिकारी शिवराज सुनार का कहना है कि सीमा पर विश्व स्वास्थ्य संगठन की एडवाइजरी के तहत सतर्कता बरती जा रही है। सीमा पर हेल्थ डेस्क स्थापित किए गए हैं।
-बगैर मास्क आवाजाही रोकी जाएगी
सीएमओ डॉ आरपी खंडूरी का कहना है कि नेपाल सीमा पर लोगों के स्वास्थ्य की जांच के साथ ही बगैर मास्क आवाजाही पर रोक लगाई गई है। यदि टनकपुर सीमा से बगैर मास्क भारत-नेपाल के बीच आवाजाही हो रही है तो इसे रोका जाएगा। पूर्णागिरि मेला क्षेत्र में लोगों के स्वास्थ्य की स्क्रिनिंग के लिए डॉक्टरों की टीम पहुंचनी शुरू हो गई है। जल्द ही कोरोना की जांच के पुख्ता इंतजात कर लिए जाएंगे।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें