चंपावत। चंपावत जिले में नए शिक्षा सत्र से सात नए जीआईसी खुलने की संभावना है। शिक्षा विभाग ने सात राजकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालयों के उच्चीकरण का प्रस्ताव भेजा है। नए राजकीय इंटर कॉलेज खुलने से ग्रामीण क्षेत्र के दो हजार से अधिक छात्र-छात्राओं को लाभ मिलेगा।
सीएम पुष्कर सिंह धामी ने पिछले साल 31 अगस्त को चंपावत जिले के सात राजकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालयों को उच्चीकृत करने का एलान किया था। सीएम की घोषणा के बाद शिक्षा विभाग ने उच्चीकरण के लिए प्रस्ताव तैयार किया लेकिन अभी इसे हरी झंडी नहीं मिल सकी है। प्रस्ताव को मंजूरी मिलने के बाद गांवों के दो हजार से अधिक छात्र-छात्राओं को लाभ होगा। यहां के छात्र-छात्राओं को हाईस्कूल से आगे की पढ़ाई के लिए तीन से छह किलोमीटर की दौड़ लगानी पड़ती है। छात्राओं की हाईस्कूल से आगे की पढ़ाई इंटर कॉलेज नहीं होने से छूट जाती है। जीआईसी खुलने से सबसे ज्यादा फायदा छात्राओं को होगा।
इन सात उच्चतर माध्यमिक विद्यालयों के उच्चीकरण का है प्रस्ताव:
फुंगर, सल्ली, मौराड़ी, तलियाबांज, पल्सों, गोली और धूरा।
जिले में फिलहाल हैं 55 जीआईसी
चंपावत। चंपावत जिले में माध्यमिक स्कूलों के 105 कॉलेज हैं। इनमें 55 जीआईसी, सात जीजीआईसी और 41 राजकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय है। उच्चीकरण के प्रस्ताव को मंजूरी मिलने पर जीआईसी की संख्या बढ़ कर 62 हो जाएगा।
मुख्यमंत्री की घोषणा के बाद सात राजकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालयों के उच्चीकरण का प्रस्ताव तैयार कर कुमाऊं मंडल के अपर निदेशक को भेजा गया है। नैनीताल से देहरादून भेजे गए प्रस्ताव को हरी झंडी मिलने के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी।
आरसी पुरोहित, सीईओ, चंपावत।