मां पूर्णागिरि देवी के दर्शन के लिए लाइन में लगे श्रद्धालु। संवाद
- फोटो : मां पूर्णागिरि देवी के दर्शन के लिए लाइन में लगे श्रद्धालु। संवाद
पूर्णागिरि धाम (चंपावत)। मां पूर्णागिरि धाम में अंधड़ से रातभर अंधेरा रहा। सार्वजनिक रास्तों में उजाले की व्यवस्था ठेकेदार ने जनरेटर से की लेकिन मेला क्षेत्र की दुकानों में उजाले की व्यवस्था के लिए व्यापारियों को जनरेटर का सहारा लेना पड़ा। शनिवार शाम को बिजली आपूर्ति सुचारू हो सकी। मंदिर समिति ने बिजली व्यवस्था बहाल करने में देरी पर नाराजगी जताई है।
पूर्णागिरि धाम में शुक्रवार शाम छह बजे बिजली आपूर्ति ठप हो गई। सार्वजनिक रास्तों पर मेला प्रशासन की ओर से जनरेटर की मदद से बिजली बहाल हो गई लेकिन दुकानें और धर्मशालाओं से अंधेरे को दूर करने के लिए व्यापारियों को जनरेटर का सहारा लेना पड़ा। व्यापारियों का कहना है कि क्षेत्र की 250 से अधिक दुकानों और धर्मशालाओं में रातभर रोशनी करने के लिए व्यापारियों को पौने चार लाख रुपये का डीजल लगाना पड़ा।
ऊर्जा निगम के चंपावत खंड के ईई रवि कुमार ने कहा कि तेज हवा से शुक्रवार शाम छह बजे हनुमानचट्टी के पास लाइन पर पेड़ गिर गया। चार स्थानों पर लाइन क्षतिग्रस्त हो गई थी जिसे मौसम को देखते हुए रात में ठीक करना संभव नहीं था। शनिवार सुबह से काम शुरू कर शाम साढ़े तीन बजे आपूर्ति सुचारू कर दी गई।
खामी दूर करने में देरी से मंदिर समिति में नाराजगी
पूर्णागिरि धाम (चंपावत)। पूर्णागिरि मंदिर समिति ने खराबी दूर करने में देरी और बिजली व्यवस्था में कोताही बरतने का आरोप लगाया है। समिति के अध्यक्ष पंडित किशन तिवारी ने फोन पर निगम के ईई से बात कर व्यवस्था में हीलाहवाली की शिकायत की। उन्होंने कहा कि गड़बड़ी को तुरंत ठीक नहीं किया गया और बेवजह देरी की गई। लापरवाही करने वालों पर कार्रवाई की भी मांग की। उन्होंने मेला अवधि में पूर्णागिरि क्षेत्र के लिए जेई सहित पृथक स्टाफ की तैनाती की मांग की है।
धाम में फिर से उमड़ रहे श्रद्धालु
पूर्णागिरि धाम (चंपावत)। कई दिनों के ठहराव के बाद मां पूर्णागिरि धाम में फिर से श्रद्धालुओं की संख्या बढ़ गई। शनिवार को अवकाश के दिन 15 हजार से अधिक श्रद्धालुओं ने देवी मां के दर्शन किए। मुख्य मंदिर में डेढ़ घंटे से अधिक इंतजार करना पड़ा। श्रद्धालुओं की संख्या बढ़ने से पूर्णागिरि धाम में चहलपहल बढ़ गई है। नेपाल के ब्रहमदेव और महेंद्रनगर में भी सिद्धबाबा के दर्शन के लिए श्रद्धालुओं के जाने से नेपाल में भी कारोबारी गतिविधियों में इजाफा हुआ है।