लोहाघाट (चंपावत)। कोरोना की दूसरी लहर कम होने पर दो महीने बाद रोडवेज ने सभी रूटों पर बसों का संचालन शुरू कर दिया है। दिल्ली, यूपी आदि राज्यों के लिए बस सेवा शुरू होने से यात्रियों ने राहत की सांस ली है। अब मैदानी क्षेत्रों की ओर जाने वाले लोगों की भीड़ बढ़ती जा रही है।
रोडवेज बसों का विभिन्न रूटों पर संचालन का पता चलने ही शुक्रवार सुबह से यात्रियों का बस स्टेशन पर आने का क्रम शुरू हो गया था। रोडवेज की ओर से छह रूटों पर नौ बसों का संचालन किया गया। रोडवेज के एसएसआई मंजुल कुमार ने बताया कि शुक्रवार से डिपो के सभी रूटों पर बसों का संचालन शुरू कर दिया गया है। हल्द्वानी, नैनीताल, गुरुग्राम के लिए एक-एक बस चली जबकि दिल्ली और देहरादून के लिए दो-दो बसों का संचालन शुरू हुआ है। एसएसआई ने बताया कि अभी क्षमता के मुताबिक पूरी सवारियां नहीं मिल पा रहीं हैं, लेकिन यात्रियों की सहूलियत के लिए बसों का संचालन किया जा रहा है। उन्होंने बताया कि यात्रियों की संख्या बढ़ने पर और अधिक बसों का संचालन किया जाएगा।
रोडवेज को उठाना पड़ा दो करोड़ रुपये का नुकसान
लोहाघाट (चंपावत)। रोडवेज के सहायक महाप्रबंधक नरेंद्र कुमार गौतम ने बताया कि कोरोना की दूसरी लहर में करीब 70 दिनों तक बसों का संचालन बंद रहने से दो करोड़ रुपये का नुकसान हुआ है। एजीएम ने बताया कि दूसरी लहर के बाद बसों का संचालन शुरू होने से डिपो को अच्छी आय होने की उम्मीद है। एजीएम ने बताया कि रोडवेज कर्मियों को चार माह का वेतन नहीं मिला है। इससे कर्मचारियों को काफी परेशानियां हो रही हैं। (संवाद)
डबल कोट सचित्र
कोरोना के कारण लगे लॉकडाउन के बाद बसों का संचालन न होने से वह करीब एक साल से हरिद्वार रहने वाले अपने परिजनों से नहीं मिल पाए थे। कोरोना की दूसरी लहर के बाद बसों का संचालन होने से अब हरिद्वार जाने का मौका मिला है।
- विशन मुरारी, यात्री।
बसों का संचालन न होने के चलते मैदानी क्षेत्रों में जाने वाले लोगों को काफी परेशानियां हुईं। सक्षम लोग काफी धन खर्च कर गाड़ियां बुक कर आवागमन कर रहे थे जबकि सामान्य लोगों को काफी परेशानी हुई।
- गणेश जोशी, यात्री।