चंपावत विकासखंड के नौलापानी गांव के जोगा राम की आमदनी बमुश्किल एक हजार रुपये मासिक है लेकिन उनका बीपीएल कार्ड निरस्त कर दिया गया। उन्हें ये जानकारी 18 जनवरी को मिली जब वे कार्ड के नवीनीकरण के लिए विकासखंड कार्यालय गए। उनका कार्ड निरस्त कर दिया गया। जोगा राम का कहना है कि उन्हें बेटी के आवेदन भरने के लिए बीपीएल कार्ड की जरूरत थी तो वे इसके नवीनीकरण के लिए ब्लाक कार्यालय गए।
उन्हें पता चला कि उनका ऑनलाइन नंबर ही दर्ज नहीं है। इसके चलते कार्ड को निरस्त कर दिया गया। जोगा राम का कहना है कि उनके परिवार में सात सदस्य हैं।
रोजगार के लिए मजदूरी अकेला आसरा है। आय में इजाफा हुए बगैर उन्हें बीपीएल श्रेणी से कैसे हटा दिया गया। इसकी उन्हें कोई जानकारी नहीं दी गई।
अब उन्होंने इस मामले में कार्रवाई के लिए डीएम को पत्र भेजा है। इधर ग्राम प्रधान जगदीश सिंह का कहना है कि ग्राम पंचायत के स्तर से जोगा राम का नाम बीपीएल कार्ड की सूची से नहीं हटाया गया है। वे खुद भी मामले को देखेंगे।
ऑनलाइन बीपीएल नंबर नहीं होने के चलते जोगा राम का कार्ड निरस्त हुआ। बीपीएल कार्ड और क्रमांक होने के बावजूद बीपीएल कार्ड कैसे निरस्त हुआ, इसका पता लगाकर उचित कार्यवाही की जाएगी।
पूरन सिंह रावत, खंड विकास अधिकारी, चंपावत।