चौंडला गांव में एक व्यक्ति ने जान जोखिम में डालकर अपने भतीजे को भालू के चंगुल से छुड़ा लिया। उसने भालू के दोनों पैर पकड़कर उसे गधेरे में फेंक दिया। अलबत्ता भालू से हुई भिड़ंत में व्यक्ति गंभीर रूप से घायल हो गया, जिसे लोहाघाट अस्पताल में भर्ती किया गया है। वहीं, भतीजा सकुशल है।
हुआ यह कि चौंडला के कनौली तोक का देव सिंह बोहरा (50) अपने भतीजे (12) आनंद के साथ पानी भरने जंगल की ओर धारे में गया था। देव सिंह कुछ आगे एवं आनंद पीछे से उनके साथ जा रहा था। जंगल के पास एकाएक आनंद के चिल्लाने की आवाज आई। देव सिंह ने पीछे मुड़कर देखा तो भालू आनंद पर हमला करने के लिए तैयार था। इस पर देव सिंह ने पानी भरने वाली गगरी से भालू पर हमला कर दिया। इसके बाद भालू ने देव सिंह पर हमला बोल दिया। देव सिंह ने पीछे से भालू के दोनों पैर पकड़ लिए तथा उसकी कुछ देर तक भालू से भिड़ंत हुई।
इस दौरान भालू ने उसके कमर में मुंह से बड़ा घाव बना दिया तथा एक आंख चोटिल कर दी। देव सिंह भालू से भिड़ता रहा। बाद में उसने भालू को नीचे ऐसे गधेरे में फेंक दिया, जहां से वह ऊपर नहीं आ पाया। घटना की जानकारी मिलने पर जिला पंचायत सदस्य पुष्कर सिंह बोहरा अपने वाहन से घायल को इलाज के लिए लोहाघाट लाए तथा उन्होंने पुलिस और वन विभाग को घटना की जानकारी दी। देव सिंह का इलाज कर रहे चिकित्सक डा.अजय के अनुसार वह खतरे से बाहर हैं। रेंजर दीप जोशी का कहना है कि देव सिंह ने बहादुरी का परिचय देते हुए बच्चे की जान बचाई है, जिसके लिए उन्हें विभाग शासन की ओर से पुरस्कृत करने की पहल करेगा।