अफसरों के नहीं आने से बीडीसी बैठक का बहिष्कार
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विकासखंड लोहाघाट में बीडीसी सदस्यों ने सक्षम अधिकारियों के बैठक में न आने और समस्याओं का समाधान न होने पर बैठक का बहिष्कार किया, इससे सदन की कार्रवाई मात्र आधा घंटे ही चल सकी। बीडीसी सदस्यों का कहना था कि जब बैठक में जिला स्तरीय अधिकारी नहीं आते हैं और उन्हें सरकार से कोई भी अधिकार और सुविधाएं नहीं मिलती हैं तो बैठक में प्रतिभाग करने का कोई भी औचित्य नहीं रह जाता है।
मंगलवार को विकास खंड सभागार में ब्लॉक प्रमुख योगेश मेहता की अध्यक्षता और बीडीसी सदस्य भैरव राय के संचालन में हुई क्षेत्र पंचायत की बैठक में सहायक विकास अधिकारी समाज कल्याण एमडी भट्ट ने पिछली बैठक की कार्रवाई का विवरण सदन के समक्ष रखा। ग्राम प्रधान संगठन के ब्लॉक अध्यक्ष चांद बोहरा ने कहा कि बीडीसी बैठकों में जिला स्तरीय अधिकारियों के न आने से विकास कार्य प्रभावित हो रहे हैं।
बीडीसी सदस्य नवीन बोहरा एवं शंकर बगौली ने कहा कि या तो सरकार उन्हें सभी सुविधाएं दे या फिर बीडीसी सदस्यों के पदों को ही समाप्त कर दे। अगर सरकार का ऐसा ही रवैया रहा तो बीडीसी सदस्य बैठकों का बहिष्कार करने के साथ सामूहिक रूप से इस्तीफा देने के लिए मजबूर हो जाएंगे। सदन में बैठे सभी सदस्यों ने उनकी बातों का समर्थन करते हुए बैठक का बहिष्कार कर दिया और सभागार से बाहर आ गए। बैठक में कनिष्ठ प्रमुख पुष्पा पाटनी, जिला पंचायत सदस्य पुष्कर बोहरा, एलएम जोशी, भगत राम, शंकर कलौनी आदि मौजूद थे।