लधिया घाटी क्षेत्र में रसोई गैस की आपूर्ति करने के लिए एजेंसी खोलने को इंडियन ऑयल कॉरपोरेशन की स्वीकृति मिले 12 साल बीत चुके हैं, लेकिन अब तक भूमि उपलब्ध न होने के कारण यह काम लटका हुआ है।
कुमाऊं मंडल विकास निगम के महाप्रबंधक गैस टीएस मर्तोलिया के अनुसार लधिया घाटी क्षेत्र के काफी दूरस्थ होने के कारण यहां आईओसी ने गैस एजेंसी की विशेष स्वीकृति दी गई थी। भूमि न मिलने के कारण एजेंसी की स्थापना किया जाना संभव नहीं हो पा रहा है, यदि भिंगराड़ा एवं रीठासाहिब के बीच भी जमीन उपलब्ध होती है, तो वहां गैस एजेंसी स्थापित करने पर विचार किया जा सकता है।
अब तक 54 फीसदी आधार कार्ड हुए लिंक
लोहाघाट गैस एजेंसी में 14 हजार उपभोक्ताओं में से अब तक 54 फीसदी लोग ही आधार कार्ड से जुड़े हैं, जबकि कुमाऊं मंडल विकास निगम के ताजा निर्देशों के अनुसार 31 दिसंबर तक यदि रसोईगैस उपभोक्ता डीबीटीएल के साथ आधार कार्ड से नहीं जुड़ते हैं तो उनके खातों में सब्सिडी आना बंद हो जाएगी। गैस एजेंसी के प्रभारी प्रदीप कार्की के अनुसार सभी रसोई गैस उपभोक्ताओं को आधार कार्ड से जुड़ना है, जिसके लिए उपभोक्ता गैस एजेंसी में मालूम कर सकते हैं कि वह आधार कार्ड से जुड़े हैं या नहीं। 31 दिसंबर तक ही यह सुविधा मिलेगी। इसके बाद ऐसे उपभोक्ताओं के बैंक खातों में सब्सिडी की धनराशि आनी बंद हो जाएगी।