चंपावत जीजीआईसी में अपराजिता कार्यक्रम में मौजूद छात्राएं। संवाद
चंपावत। वैसे तो बेटियों को समाज में देवी का दर्जा दिया गया है, अपराजिता कहकर उनका मान बढ़ाया जाता है लेकिन आज भी कई जगह समाज उन्हें समान अधिकार नहीं दे रहा है। बेटियों को जागरूक होकर अपने हकों के लिए लड़ना होगा। यह बात कोतवाल योगेश उपाध्याय ने अमर उजाला फाउंडेशन की ओर से मंगलवार को जीजीआईसी में आयोजित अपराजिता 100 मिलियन स्माइल्स कार्यक्रम के दौरान बतौर मुख्य अतिथि कही।
कोतवाल छात्राओं को महिला अपराध, घरेलू हिंसा, यातायात नियमों की जानकारी, साइबर क्राइम आदि के बारे में विस्तार से बताया। उन्होंने कहा कि समाज में बेटियों के साथ हो रहे भेदभाव को समाप्त करने की जरूरत है। इसके लिए बेटियों को अपने अधिकारों के प्रति जागरूक होना होगा। एसआई पिंकी धामी ने कहा कि महिला अपराध तभी कम होंगे जब पीड़िताएं अपने कानूनी अधिकारों के प्रति जागरूक रहेंगी। बेटियों को खुद को मजबूत बनाते हुए अन्याय के खिलाफ आवाज उठानी चाहिए।
उन्होंने कहा कि यदि आपके आसपास भी कोई घटना होती है तो उसकी जानकारी वे पुलिस के हेल्पलाइन नंबर 112 पर दे सकती हैं। प्रधानाचार्य भुवनेश्वरी फोनिया ने अमर उजाला का आभार जताते हुए कहा कि यह कार्यक्रम अपराजिताओं को समाज में जागरूक करने का काम करेगा और वह खुद जागरूक होकर आने वाली पीढ़ी भी जागरूक करेंगी। इस दौरान शिक्षिका सुषमा बिष्ट, दीपज्योति अधिकारी, आशा टम्टा, चंद्रकला, नमिता मुरारी, ललिता गहतोड़ी आदि मौजूद रहीं।