चंपावत के क्वारसिंग में चोटिल बुजुर्ग महिला को डोली से घर ले जाते ग्रामीण। स्रोत: ग्रामीण
चंपावत। जिले के पालबिलौन क्षेत्र के सड़क विहीन क्वारसिंग की चोटिल बुजुर्ग महिला को ग्रामीणों ने घंटों की मशक्कत के बाद तीन किमी घर तक पहुंचाया। सड़क न होने से ग्रामीणों को काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है।
शनिवार शाम 60 वर्षीय देवकी देवी को अस्पताल से घर ले जाने के लिए ग्रामीणों ने डंडों को रस्सी से बांधकर डोली बनाई। करीब तीन किमी खड़ी चढ़ाई पार कर घर तक पहुंचाया। कुछ दिन पूर्व बुजुर्ग महिला के पैर में चोट लग गई थी। ग्रामीण डंडों की डोली बनाकर तीन किमी सड़क तक लाए। फिर यहां से खटीमा अस्पताल ले गए। जहां उपचार के बाद उसे वापस लाया गया। गंगा दत्त, मोहन चंद्र जोशी, महेश जोशी, प्रकाश जोशी, दीपक जोशी, नित्यानंद, इंद्रदेव, मनीष जोशी आदि ग्रामीणों का कहना है कि वह लंबे समय से सड़क सुविधा की मांग कर रहे हैं।
स्कूल जाने वाले बच्चों, गर्भवतियों और बीमार लोगों को लाना, ले जाना मुश्किल होता है। सड़क न होने से भूमटा, इजरा, किरमोला, ज्यूली, जमोला, हैड़ना आदि गांवों की एक हजार से अधिक आबादी को खामियाजा भुगतना पड़ रहा है। कहा कि गांव के लोग आज भी सड़क का इंतजार कर रहे हैं। ग्रामीणों ने शासन-प्रशासन से सड़क बनाने की मांग की है। डीएम मनीष कुमार ने कहा कि गांव तक सड़क पहुंचाने का काम किया जाएगा। उन्होंने लोगों से क्षेत्र की समस्याओं से अवगत कराने की अपील की है ताकि उसका समाधान किया जा सके।