टनकपुर (चंपावत)। घर में प्रसव कराने के बाद जच्चा-बच्चा की मौत के मामले की अब प्रशासनिक जांच होगी। इसके लिए एडीएम के नेतृत्व में तीन सदस्यीय टीम गठित कर दी गई है। टीम ने जांच शुरू कर दी है, जल्द ही पीड़ित परिवार से भी कमेटी पूछताछ करेगी।
शहर के वार्ड तीन आंबेडकर नगर निवासी विनोद विश्वकर्मा की 28 वर्षीया गर्भवती पत्नी सीता और उसके नवजात शिशु की घर में प्रसव कराने के बाद मौत हो गई। बताया गया कि सीता का प्रसव संयुक्त चिकित्सालय की एक आउटसोर्स वार्ड आया के जरिये कराया गया था। प्रसव में लापरवाही से जच्चा-बच्चा की मौत का यह मामला उजागर होने के बाद स्वास्थ्य विभाग के साथ ही प्रशासन ने भी इसे गंभीरता से लिया है। सीएमओ डॉ. आरपी खंडूरी ने बताया कि जिलाधिकारी एसएन पांडेय ने मामले को गंभीरता से लेते हुए एडीएम टीएस मर्तोलिया की अध्यक्षता में तीन सदस्यीय जांच टीम गठित की है। टीम में एडीएम के अलावा चंपावत के चिकित्साधिकारी डॉ. इंद्रजीत और टनकपुर के सीएमएस डॉ. एचएस हयांकी शामिल हैं। सीएमओ डॉ. खंडूरी ने कहा कि जांच टीम जल्द पीड़ित परिवार के घर जाकर घटना के बारे में पूछताछ कर जांच शुरू करेगी। सीएमओ ने कहा है कि जांच में दोषी पाए जाने पर जच्चा-बच्चा की मौत के लिए जिम्मेदार व्यक्ति पर सख्त कार्रवाई की जाएगी। संवाद