चंद्रपुर में क्लिनिको की जांच करते एसडीएम दयानंद सरस्वती, एसीएमओ डॉ एच एस एन की और तहसीलदार खुशबू पांडे
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संवाद न्यूज एजेंसी टनकपुर (चंपावत)। झोलाछाप डॉक्टरों की धर-पकड़ की कार्रवाई जारी है। प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग की टीम ने अवैध रूप से क्लीनिक चला रहे ऐसा दो ओर डॉक्टरों के खिलाफ कार्रवाई करते हुए उनके क्लीनिकों को सीज कर दिया है। जबकि भनक लगते ही छीनीगोठ में क्लीनिक चलाने वाला एक झोलाछाप डॉक्टर क्लीनिक में तला लगाकर फरार हो गया। दो क्लीनिक नियमों के तहत संचालित होते मिले। प्रशासन की कार्रवाई से शहर और ग्रामीण क्षेत्र में क्लीनिक चला रहे झोलाछाप डॉक्टरों में खासा हड़कंप मचा हुआ है। कई झोलाछापों ने अपने क्लीनिकों को समेट लिया है। बनबसा में झोलाछापों के क्लीनिक सीज करने के बाद गत मंगलवार की शाम एसडीएम दयानंद सरस्वती की अगुवाई में प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग की टीम ने टनकपुर क्षेत्र में क्लीनिकों की जांच की। एसडीएम ने बताया कि बगैर डिग्री, बगैर लाइसेंस और बगैर रजिस्ट्रेशन के क्लीनिक संचालित करने पर राहुल बैरागी क्लीनिक आमबाग और डा. अंकुश क्लीनिक बोरागोठ को सीज किया गया है। इनके खिलाफ कार्रवाई के लिए स्वास्थ्य विभाग को लिखा जा रहा है। बताया गया कि छापे की भनक लगते ही छीनीगोठ में क्लीनिक चलाने वाला एक झोलाछाप डाक्टर टीम के पहुंचने से पहले ही क्लीनिक में ताला लगा कर फरार हो गया। बताया गया कि जांच में शास्त्री चौक में स्थित सरकार क्लीनिक और घसियारा मंडल के सुफला क्लीनिक नियमों के तहत चलते मिले। एसडीएम ने बताया कि अभियान आगे भी जारी रहेगा। टीम में एसीएमओ डॉ. एचएस हयांकी, डाॅ.उमर, डा आफताब आलम, तहसीलदार खुशबू पांडेय आदि शामिल थे।