चंपावत। आखिरकार 20 माह के अंतराल के बाद बेलखेत में झूला पुल बनने का रास्ता साफ हो गया है। देहरादून में राज्य कार्यकारिणी समिति में पुल को बनाने की स्वीकृति मिल गई है।
जुलाई 2024 में आई आपदा के दौरान बेलखेत गांव को जोड़ने वाला मात्र एक झूला पुल आपदा की भेंट चढ़ गया था। इस दौरान कई दिनों तक ग्रामीण नदी के उस पार फंस गए थे। पुल न होने के कारण उन्हें दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा था। ग्रामीणों की आवाजाही के लिए ट्रॉली का निर्माण किया गया लेकिन उससे आवाजाही आसान नहीं हो रही है। झूला पुल निर्माण के लिए प्रांतीय खंड लोक निर्माण विभाग की ओर से छह माह पूर्व डीपीआर बनाकर शासन को भेजी गई थी।
विभाग 481.57 लाख की लागत से झूलापुल का निर्माण करेगा। राज्य कार्यकारिणी समिति की बैठक में स्वीकृति मिलने के बाद विभाग ने निर्माण की प्रक्रिया भी शुरू कर दी है। झूला पुल बनने से क्षेत्र की एक हजार से अधिक की आबादी को आवागमन में राहत मिलेगी। बारिश के दौरान झूला पुल टूटने से ग्रामीणों को जान जोखिम में डालकर नदी के रास्ते आवागमन करना मजबूरी हो गई थी।
ग्रामीण बालम सिंह, मंडल अध्यक्ष गुमान सिंह, दशरथ सिंह बोहरा, रवि बोहरा, कमल बोहरा, कल्याण सिंह, मनोज बोहरा आदि ने बताया कि भाजपा नेता सुंदर बोहरा ने झूलापुल के लिए लगातार संघर्ष किया। सीएम को समस्या से अवगत कराया। उनके अथक प्रयासों के बाद बेलखेत झूलापुल को स्वीकृति मिली है। ग्रामीणों ने भाजपा नेता का आभार जताया है।
बेलखेत में झूला पुल बनाने की स्वीकृति राज्य कार्यकारिणी समिति की बैठक मिल गई है। जल्द ही आगे की प्रक्रिया करने के बाद टेंडर निकाले जाएंग और निर्माण कार्य शुरू किया जाएगा। - दीप चंद्र कांडपाल, एई, प्रांतीय खंड लोक निर्माण विभाग, चंपावत