लोकसभा चुनाव से पहले चंपावत जिले के 92.50 प्रतिशत किसानों के बैंक खातों में दो-दो हजार रुपये आएंगे। मोदी सरकार ने पहली फरवरी को पेश अंतरिम बजट में दो हेक्टेयर तक कृषि जोत वाले किसानों के लिए प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना का प्रस्ताव रखा था।
इसमें किसानों को वर्ष में तीन किश्त में दो-दो हजार रुपये दिए जाने का निर्णय लिया गया है। अप्रैल-मई में होने वाले लोकसभा चुनाव से कुछ सप्ताह पूर्व (31 मार्च तक) इस रकम को किसानों के खातों में डाल दिया जाएगा।
चंपावत जिले में कुल 39347 किसान परिवारों में से 36399 (92.50 प्रतिशत) किसान परिवार दो हेक्टेयर या इससे कम कृषि जोत वाले किसान हैं। इन किसानों के पास कुल मिलाकर 18638 हेक्टेयर कृषि भूमि है।
अपर जिलाधिकारी टीएस मर्तोलिया का कहना है कि राजस्व विभाग से नए सिरे से किसानों की कृषि जोत और अन्य ब्यौरा की सूची एकत्र की जा रही है। साथ ही किसानों के आधार नंबर, बैंक खाते और अन्य जरूरी जानकारी जुटाई जा रही है।
जोत कृषक परिवार क्षेत्रफल (हेक्टेयर में)
दो हेक्टेयर से कम 36399 18638
चार हेक्टेयर से कम 2385 5942
दस हेक्टेयर से कम 503 2547
दस हेक्टेयर से ज्यादा 60 1440
कुल योग 39347 28567
नौ माह से नहीं मिली किसान पेंशन
उत्तराखंड सरकार की ओर से अगस्त 2014 से शुरू किसान पेंशन योजना की रकम लंबे समय से नहीं दी गई है। जिला समाज कल्याण अधिकारी डीडी आर्य का कहना है कि जिले के 1305 किसानों को पेंशन मिल रही है। इन्हें जून 2018 तक ही पेंशन दी गई है। मौजूदा वित्त वर्ष के शेष नौ महीनों (जुलाई 2018 से मार्च 2019 तक) के लिए बजट की रकम मिल चुकी है। इस माह के अंत तक हर किसान को प्रति माह एक हजार रुपये की रकम उनके बैंक खाते में डाल दी जाएगी। बता दें कि दो हेक्टेयर से कम जमीन वाले किसानों को यह पेंशन दी जाती है।
पिथौरागढ़ में 73744 किसानों को मिलेगा योजना का लाभ
पिथौरागढ़। पिथौरागढ़ जिले में 73744 किसानों को पीएम किसान योजना का लाभ मिलेगा। इसके तहत साल भर में दो-दो हजार की तीन किस्तों में 6,000 रुपये किसानों के खाते में पहुंचेंगे।
केंद्र सरकार के इस साल के बजट में किसानों के लिए छह हजार की सहायता राशि देने का प्रावधान रखा गया है। यह लाभ दो हेक्टेअर से कम की भूमि वाले किसानों को मिलेगा। पिथौरागढ़ जिले में वर्तमान में 73744 किसान हैं। इन किसानों को तीन किस्तों में छह हजार रुपये की सहायता राशि मिलेगी। किसानों को केंद्र सरकार की इस योजना का लाभ पहुंचाने के लिए प्रशासन और कृषि विभाग स्तर पर कार्रवाई शुरू हो गई है। जिला प्रशासन के निर्देश पर कृषि विभाग ने किसानों के डाटा जुटाने का काम शुरू कर दिया है। मुख्य कृषि अधिकारी अमरेंद्र चौधरी ने बताया कि इस योजना से किसानों को लाभान्वित करने को लेकर सूची तैयार करने का काम शुरू कर दिया गया है।