चंपावत। पर्वतीय क्षेत्रों में हो रही बारिश से नदियों का जलस्तर बढ़ गया है। बरसात के पानी के साथ ही पावर स्टेशनों में भारी मात्रा में सिल्ट जमा हो गई है।
इसी को देखते हुए धौलीगंगा पावर स्टेशन में जमा सिल्ट हटाने का कार्य 14 जुलाई को रात से किया जाना है, लेकिन जिले को इसकी कोई सूचना नहीं है। इस संबंध में एडीएम हेमंत कुमार वर्मा ने धौलीगंगा पावर स्टेशन को पानी छोड़ने से पूर्व अवगत कराने को पत्र लिखा है।
दो दिन पूर्व बरसात के पानी से टनकपुर और बनबसा बैराज पर दो लाख क्यूसेक से अधिक पानी पहुंचने पर रेड अलर्ट कर दिया गया था। साथ ही शारदा किनारे बसे लोगों को प्रशासन ने अन्यत्र शिफ्ट किया गया। बरसाती पानी में भारी मात्रा में सिल्ट आ रही है। जिस कारण धारचूला स्थित धौलीगंगा और टनकपुर पावर स्टेशन में भारी मात्रा में सिल्ट जमा हो गई। विद्युत उत्पादन का कार्य ठप हो गया है।
वहीं धौलीगंगा पावर स्टेशन में 14 जुलाई को रात्रि दस बजे से 15 जुलाई तक शाम सात बजे तक सिल्ट सफाई का कार्य चलेगा। सिल्ट सफाई के दौरान काफी मात्रा में पानी छोड़ा जाएगा, जो शारदा में आएगा। इससे बगैर सूचना के पानी छोड़े जाने से टनकपुर में बाढ़ का खतरा पैदा हो सकता है। इस संबंध में एडीएम हेमंत कुमार वर्मा ने बताया पावर स्टेशन प्रबंधन को पत्र लिखकर पानी छोड़े जाने की सूचना देने को कहा है, जिससे एहतियात बरती जा सके।