चंपावत। जीआईसी धौन में कार्यरत शिक्षक दिनेश चंद्र उप्रेती ने अपने पिता पंडित थानेश चंद्र उप्रेती की स्मृति में जिला पुस्तकालय को संस्कृत साहित्य की 100 पुस्तकें दान की। इनमें गीत गोविंदम, मनुस्मृति, वेद दर्शन, मीमांसा दर्शन, न्याय दर्शन, सांख्य दर्शन, रस गंगाधर, ध्वन्या लोक, कालिदास कोष, भारतीय दर्शन आदि के साथ ही आधुनिक संस्कृत साहित्य और उनके पिता पंडित थानेश चंद्र उप्रेती के लिखे कई ग्रंथ भी शामिल हैं।
ये पुस्तकें इंटर से बीए, एमए तक के संस्कृत विषय के छात्र-छात्राओं और संस्कृत विषय के शोधार्थियों के लिए बहुत उपयोगी होंगी। पुस्तकालय प्रभारी डॉ. वीरेंद्र सिंह मेहता, देवेंद्र सिंह आदि ने पुस्तकें भेंट किए जाने पर आभार प्रकट किया है।