चंपावत। जिले में 24 घंटे में 11 हेक्टेयर से अधिक जंगल जल गया। वन विभाग के स्टेनो मनोज रावत ने बताया कि बूम रेंज पश्चिमी बस्टिया के कंपार्टमेंट नंबर 3 में 3.5 हेक्टेयर, भिंगराड़ा रेंज, मुड़ियानी किसकोट वन पंचायत, कोयाटी वन पंचायत में दो-दो हेक्टेयर, गंगनौला में 1.5 हेक्टेयर आग लगी है। विभागीय स्तर पर आग बुझाने के प्रयास किए जाने का दावा किया है। हालांकि जंगल की आग से आसमान में तेजी से धुंध भी फैल रही है।
चंपावत। दावाग्नि अनियंत्रित हो चली है। यह आग वनों से बाहर गांव-बस्ती को भी अपने चपेट में ले रही है। सोमवार की देर शाम यहां से करीब 12 किमी दूर बनलेख के पास चमतोला में एक पुराना मकान भी जल गया। यह मकान पांच भाइयों का था। भवन स्वामी प्रेमराम, जगदीश राम, मोती राम, अतुल कुमार, रूप राम का कहना है कि बीती शाम चीड़ के जंगल की आग आबादी में पहुंची। जिस कारण लकड़ी और पत्थर से बने इस पुराने मकान का काफी हिस्सा जल गया है।
वन विभाग की टीम और ग्रामीणों के प्रयासों से इस पर काबू पाया गया। वहीं एक अन्य घटना में पनी राम, राजे, पवन के पुराना मकान तक भी आग की लपटें आई। जिसे ग्रामीणों ने मिलकर बुझा दिया गया। रेंजर बृजमोहन टम्टा का कहना है कि आसपास के खेतों में ग्रामीणों द्वारा लगाई गई आग से इन मकानों तक आग पहुंची। दोनों पीड़ितों ने आग से हुए नुकसान की जानकारी देकर राजस्व उप निरीक्षक से राहत दिलाने का आग्रह किया है।