उर्गम घाटी के जंगलों में असामाजिक तत्वों ने आग लगा दी और धीरे-धीरे आग पिलखी और भेंटा गांव के समीप तक पहुंच गई। गांव के समीप तक आग देख महिलाएं हरी झाड़ियों की टहनियां लेकर मौके पर पहुंचीं और जंगल की आग बुझा दी।
पूर्व ग्राम प्रधान लक्ष्मण सिंह नेगी ने बताया कि उर्गम घाटी में बृहस्पतिवार सुबह अचानक आग भड़क उठी। उन्होंने इसकी सूचना वन विभाग को दी, लेकिन आग इतनी विकराल हो गई कि पिलखी और भेंटा गांव के समीप तक पहुंच गई। यह देख गांव की महिलाएं मौके पर पहुंचीं और हरी झाड़ियों की टहनियां लेकर आग बुझाने में जुट गईं। कुछ ही देर में महिलाओं ने जंगल की आग बुझा दी। वहीं, पीपलकोटी के समीप नौरख और जैसाल गांव के जंगलों में पिछले तीन दिनों से आग धधक रही है। आग चट्टानी भाग पर लगी होने के कारण वन विभाग के कर्मी आग नहीं बुझा पा रहे हैं। इधर, अलकनंदा वन प्रभाग के डीएफओ सर्वेश दुबे का कहना है कि बारिश न होने के कारण जंगलों में आग तेजी से फैल रही है। आग को काबू करने का प्रयास किया जा रहा है।