दशोली ब्लॉक के मैड़-ठेली गांव में कई दिनों से पेयजल किल्लत बनी है। मौजूदा समय में गांव में 77 परिवार रह रहे हैं, जिससे पेयजल योजना से सभी परिवारों को पेयजल उपलब्ध कराना मुश्किल बना है।
मैड़-ठेली गांव के लिए मजोठी गांव से वर्ष 1973 में 10 किमी लंबी पेयजल लाइन बिछाई गई। तब गांव में 35 परिवार रहते थे।
मौजूदा समय में गांव में 77 परिवार रह रहे हैं और इस पेयजल योजना से सभी को पानी उपलब्ध कराना मुश्किल हो रहा है। लाइन के पाइप पुराने होने से यह जगह-जगह क्षतिग्रस्त हो गए हैं। ग्रामीण स्वयं ही पेयजल लाइन की मरम्मत कर गांव तक पानी पहुंचाते हैं।
ग्राम प्रधान सुरेंद्र सिंह रावत का कहना है कि जल निगम और जल संस्थान के अधिशासी अभियंताओं को गांव में पेयजल लाइन बिछाने के लिए प्रस्ताव दिए गए हैं, लेकिन आज तक प्रस्ताव पर कोई कार्रवाई नहीं हुई है।
इधर, जल निगम के ईई पीसी गौतम का कहना है कि पेयजल लाइन निर्माण के लिए ग्राम प्रधान से बात की जाएगी। गांव के समीप पेयजल स्रोत मिलता है तो पेयजल योजना का खाका तैयार किया जाएगा।