तीन दिन में कार्य शुरू न होने पर आमरण अनशन की दी चेतावनी
कहा - चार साल से अस्थायी पुलिया के सहारे हो रहा आवागमन
संवाद न्यूज एजेंसी
थराली। पुल निर्माण की मांग के लिए सोमवार को थराली, सूना, देवलग्वाड़, पैनगढ़ और सुनाऊं मल्ला के सैकड़ों ग्रामीणों ने तहसील में प्रदर्शन किया। उन्होंने उपजिलाधिकारी को ज्ञापन सौंपा और चेतावनी दी यदि तीन दिन में कार्य शुरू नहीं हुआ तो लोक निर्माण विभाग कार्यालय परिसर में आमरण अनशन करेंगे।
ग्रामीणों ने कहा कि जून 2022 में आई आपदा में प्राणमति नदी पर बने दोनों पुल बह गए थे। चार साल से पुल नहीं बनने के कारण बरसात में इन गांवों का संपर्क देश-दुनिया से कट जाता है। बच्चों को स्कूल जाने में परेशानी होती है। गर्भवती और बीमार बुजुर्गों को अस्पताल पहुंचने में भी दिक्कत आती है। ऐसे में अभी अस्थायी पुलिया से आवाजाही करनी पड़ रही है। सूना की प्रधान अनीता देवी और अन्य ग्रामीणों ने विभाग पर भूमि विवाद का बहाना बनाकर देरी का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि विभाग ने दिसंबर में झूला पुल के एबेटमेंट तो बनाए लेकिन पुल नहीं जोड़ा। वहीं उपजिलाधिकारी यशवीर सिंह रावत ने कहा कि जिस स्थान पर पुल बनना है वहां एक महिला आपत्ति कर रही है। इसकी जांच के लिए राजस्व उपनिरीक्षक, लोनिवि के अमीन और प्रशासन की एक संयुक्त टीम भेजी जाएगी। उन्होंने आपत्ति का निस्तारण कर विभाग को शीघ्र पुल निर्माण शुरू करने के निर्देश दिए। वहीं लोनिवि के अधिशासी अभियंता अनूप सिंह ने बताया कि पहुंच मार्ग के लिए एक परिवार भूमि नहीं देना चाह रहा है। कुछ को नोटिस भी जारी किए गए हैं। उन्होंने आश्वासन दिया कि पुल जोड़ने का कार्य जल्द किया जाएगा।