विश्व धरोहर फूलों की घाटी सोमवार को पर्यटकों की आवाजाही के लिए बंद हो गई। सोमवार को दोपहर बारह बजे के बाद घांघरिया में नंदा देवी राष्ट्रीय पार्क प्रशासन ने घाटी के प्रवेश द्वार को बंद कर दिया। इस वर्ष घाटी के सैर-सपाटे पर पहुंचने के लिए सैलानियों का रिकार्ड बना।
इस वर्ष दस हजार सैलानी घाटी के दीदार के लिए पहुंचे। एक जून को फूलों की घाटी सैलानियों की आवाजाही के लिए खुली थी। सोमवार को घाटी बंद होने तक दस हजार सैलानी घाटी के सैर-सपाटे पर पहुंचे, जो अभी तक के सालों की सबसे अधिक संख्या है।
नंदा देवी राष्ट्रीय पार्क के उप वन संरक्षक चंद्रशेखर जोशी का कहना है कि शीतकाल में फूलों की घाटी आम जन मानस के लिए बंद रहती है। इस दौरान घाटी में फूलों के बीजों का अंकुरण होता है।