देवाल। ल्वाणी गांव में 18 सितंबर से दो दिवसीय नंदा उत्सव का आयोजन होगा। उत्सव का उद्घाटन शिक्षा मंत्री धन सिंह रावत व विधायक भूपाल राम टम्टा और समापन कांग्रेस नेता मनीष खंडूड़ी करेंगे। नंदा उत्सव में महिला मंगल दल, शिक्षण संस्थाएं व राज्य के प्रमुख कला मंचों के कलाकार रंगारंग प्रस्तुति देंगे।
नंदा उत्सव आयोजन के अध्यक्ष महाबीर बिष्ट ने बताया कि नंदा लोकजात यात्रा के आगमन पर हर साल ल्वाणी पिलखड़ा मंदिर परिसर में नंदा उत्सव का आयोजन किया जाता है। इस बार दो दिवसीय उत्सव 18 सितंबर से होगा। पहले दिन ममंद, लोकगायक कुंदन बिष्ट, विवेक नौटियाल, दीपा नगरकोटी व संस्कृति विभाग के कलाकर प्रस्तुति देंगे। दूसरी ओर कुरुड़ से नौ सितंबर को चली बधाण की ईष्ट देवी मां नंदा की डोली 16 सितंबर को कोठी गांव होते रात्रि विश्राम धरातल्ला में करेगी। डोली के स्वागत में धरातल्ला में दो दिवसीय सेलपाती का आयोजन होगा। वहीं 17 सितंबर को डोली व लोकजात यात्रा बेराधार में प्रवास करेगी और यहां पांच दिवसीय अठवाण का आयोजन होगा। विभिन्न पड़ावों से होते हुए डोली 20 सितंबर को लोहाजंग पहुंचेगी तो यहां भव्य मेले का आयोजन होगा। इस दिन डोली आबादी के अंतिम गांव वाण में रहेगी। वाण में भी दो दिवसीय सेलपाती की पूजा होगी। संवाद
भटियाणा में 38 साल बाद होगा नैणी देवी द्योरा यात्रा का आगाज
नारायणबगड़। उत्तरी कड़ाकोट पट्टी के भटियाणा गांव में 17 सितंबर को 38 वर्ष बाद क्षेत्र की आराध्य नैणी देवी द्योरा यात्रा का आगाज होगा। नैणी देवी सेवा समिति के अध्यक्ष दिवाकर डिमरी ने बताया कि कोट, भटियाणा, भुलक्वाणी आदि गांवों में उत्साह के साथ देव उत्सव की तैयारियों हो रही हैं। 17 सितंबर को संक्रांति के दिन होने वाले नैणी देवी के घट उदभव अनुष्ठान की पूर्व संध्या पर कोट, भटियाणा और भुलक्वाणी गांव की ममंद पारंपरिक देव गीतों से अपनी ईष्ट देवी के द्योरा यात्रा का शंखनाद करेंगी। मथुरा सिलोडी, जगत सिंह, नरेश देवराडी, कल्पेश्वर रतूड़ी ने बताया कि 15-16 अक्तूबर को नैणी देवी की पूजा-अर्चना लक्ष्मी नारायण मंदिर में होगी। 15 सितंबर को नैणी देवी के ब्रह्मगुरु आचार्य विशंभर दत्त सती को बाजे-गाजों के साथ भटियाणा गांव लाया जाएगा। संवाद