आंगनबाड़ी से घर लौट रही भेंटी गांव की एक चार वर्षीय बच्ची रास्ते में अचेत अवस्था में पड़ी मिली। राहगीरों की सूचना पर परिजनों ने उसे 108 सेवा की मदद से सीएचसी घाट में भर्ती कराया है।
उसकी गंभीर हालत को देखते हुए चिकित्सकों ने उसे हायर सेंटर रेफर करने की बात कही है। लेकिन घाट-नंदप्रयाग सड़क के अवरुद्ध होने से अंजली को उचित इलाज नहीं मिल पा रहा है। शाम साढ़े छह बजे स्थानीय प्रशासन ने हेलीकॉप्टर की व्यवस्था कर अंजली को जिला चिकित्सालय गोपेश्वर पहुंचाया गया।
मंगलवार को दोपहर 12 बजे भेंटी गांव निवासी मकर सिंह की चार वर्षीय पुत्री अंजली रोज की तरह पढ़कर अपने घर लौट रही थी। रास्ते में उसे एक तरल पदार्थ की खुली बोतल पड़ी मिली तो उसने उसमें मौजूद तरल पदार्थ को पी लिया। जिसके बाद उसकी तबियत बिगड़ गई।
वहां से गुजर रहे राहगीरों ने अंजली को अचेत अवस्था में पड़े देखा तो इसकी सूचना उसके पिता मकर सिंह को दी। 13 किमी घाट-भेंटी सड़क अवरुद्ध पड़ी होने के कारण परिजन उसे पांच किमी पैदल चलकर तेलाण नामक स्थान तक लाए, इसके बाद 108 वाहन की मदद से उसे सीएचसी घाट में भर्ती कराया गया।
सीएचसी घाट के प्रभारी चिकित्साधिकारी डा. मुकेश पाल ने बच्ची की गंभीर हालत को देखते हुए रेफर करने की बात कही, लेकिन घाट-नंदप्रयाग सड़क के अवरुद्ध पड़े होने से अंजली को सांय छह बजे तक भी उचित इलाज नहीं मिल पाया है।
चिकित्साधिकारी डा. पाल ने बताया कि बोतल में मौजूद तरल पदार्थ को अंजली ने अनजाने में गटक लिया। जिसके बाद वह अचेत हो गई। उन्होंने बताया कि हो सकता है बोतल में विषेला तरल पदार्थ रहा हो, जिससे उसकी तबियत बिगड़ गई। वहीं जिला चिकित्सालय के चिकित्साधिकारी डा. बीके शुक्ला ने बताया कि अंजली का अभी इलाज चल रहा है 24 घंटे बाद ही कुछ कहा जा सकेगा।
पौने सात बजे हेलीकॉप्टर से अंजलि को जिला चिकित्सालय में कराया गया भर्ती
गोपेश्वर। अंजलि को अचेत अवस्था में परिजनों ने अपराह्न एक बजे सीएचसी घाट में भर्ती कराया। लेकिन यहां अंजली को प्राथमिक उपचार देने के करीब आधा घंटे बाद चिकित्सकों ने उसे रेफर करने की बात कही। लेकिन घाट-नंदप्रयाग सड़क अवरुद्ध होने से तत्काल अंजली को उपचार मिलना संभव नहीं था।
जिला पंचायत सदस्य गुड्डू लाल और कांग्रेस के ब्लॉक अध्यक्ष सुखवीर रौतेला ने चमोली के जिलाधिकारी समेत शासन स्तर के अधिकारियों को फोन कर हेलीकॉप्टर की मांग की। बाद में चमोली के मुख्य विकास अधिकारी मंगेश घिल्डियाल ने आपदा सचिव रविशंकर को घटना की जानकारी देकर शीघ्र घाट क्षेत्र में हेलीकॉप्टर उपलब्ध कराने की मांग की।
जिसके बाद सांय साढ़े छह बजे हेमकुंड साहिब के प्रवेश द्वार गोविंदघाट में हवाई सेवा दे रही एक हेली कंपनी के हेलीकॉप्टर को कुरुड़ स्थित अस्थाई हेलीपेड भेजा गया। मौसम खराब होने और समय की कमी के चलते सांय पौने सात बजे हेलीकॉप्टर से अंजलि को जिला चिकित्सालय में भर्ती कराया गया।
हालांकि अभी भी चिकित्सकों ने 24 घंटे बाद ही अंजलि के स्वस्थ होने की बात कही है। कांग्रेस के ब्लॉक अध्यक्ष सुखवीर रौतेला ने कहा कि यदि घाट-नंदप्रयाग सड़क खुली होती तो इतनी परेशानी नहीं झेलनी पड़ती।