नंदप्रयाग-घाट मार्ग (19 किमी) के डेढ़ लेन चौड़ीकरण की मांग को लेकर ग्रामीणों का आंदोलन 55वें दिन भी जारी रहा। 10 दिनों से भूख हड़ताल पर बैठे व्यापार संघ घाट के अध्यक्ष चरण सिंह नेगी का स्वास्थ्य गिरने लगा है। बृहस्पतिवार को चरण सिंह नेगी को अस्पताल में भर्ती करवाने के लिए स्वास्थ्य विभाग और तहसील प्रशासन की टीम अनशन स्थल पर पहुंची, लेकिन ग्रामीणों के विरोध कारण प्रशासन की टीम को बैरंग लौटना पड़ा।
तहसीलदार राकेश देवली टीम ने बताया कि अनशनकारी अपनी मांग पर डटे हुए हैं, जबकि उन्हें स्वास्थ्य लाभ की बहुत जरूरत है। अनशनकारियों की स्वास्थ्य जांच करने वाले सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र घाट के डा. मनोज शाह ने बताया कि अनशनकारी चरण सिंह का वजन 7 किलो तक कम हो गया है। साथ ही यूरीन में कीटोन और डायबिटीज की शिकायत है। उनका स्वास्थ्य अधिक खराब न हो इसलिए उन्हें शीघ्र स्वास्थ्य लाभ देना जरूरी है। भूख हड़ताल पर बैठे प्रधान संगठन के अध्यक्ष लखपत सिंह नेगी और कुंवर राम ने कहा कि जब तक नंदप्रयाग-घाट सड़क के डेढ़ लेन का शासनादेश और वित्तीय स्वीकृति नहीं मिल जाती आंदोलन जारी रखा जाएगा। भूख हड़ताल पर बैठने वालों में चरण सिंह, लखपत सिंह, कुंवर राम और हरेंद्र सिंह शामिल हैं। वहीं 19वें दिन भी अन्य आंदोलनकारी भूख हड़ताल पर डटे हैं। वहीं, ऋषिकेश के रंगमंच कर्मी और टीम पहाड़ी के संयोजक दीपक कंडारी ने टीम के साथ आंदोलनस्थल पर पहुंचकर समर्थन दिया।