जिला समाज कल्याण विभाग की ओर से दी जाने वाली गौरा देवी कन्या धन योजना का छात्राओं को लाभ नहीं मिल पा रहा है। कई अभिभावक जिला समाज कल्याण विभाग के चक्कर काट कर थक चुके हैं, लेकिन अधिकारी उन्हें बजट न होने का हवाला देकर बैरंग लौटा रहे हैं।
जिला समाज कल्याण विभाग की ओर से प्रतिवर्ष इंटरमीडिएट उत्तीर्ण छात्राओं को वर्ष 2013 तक गौरा देवी कन्या धन योजना के तहत 25 हजार रुपये दिए गए। वर्ष 2014 से योजना की धनराशि बढ़ाकर पचास हजार कर दी गई है। यह योजना सरकार की जन कल्याणकारी योजनाओं में से एक है।
कम्यार गांव निवासी हरक सिंह का कहना है कि उनकी पुत्री पिंकी ने वर्ष 2013 में इंटरमीडिएट परीक्षा उत्तीर्ण की, लेकिन आज तक पुत्री को योजना का लाभ नहीं मिल पाया है। यही स्थिति पीपलकोटी क्षेत्र निवासी बालम सिंह की पुत्री सुनीता भी है।