एडीएम ने तैयारियों के लिए की समीक्षा बैठक
अति आवश्यक वाले कार्यों के प्रस्ताव शीघ्र तैयार करने के निर्देश
संवाद न्यूज एजेंसी
गोपेश्वर। श्रीनंदा देवी राजजात की तैयारियों के लिए अपर जिलाधिकारी विवेक प्रकाश ने विभागीय अधिकारियों के साथ समीक्षा बैठक की। बैठक में जिला पर्यटन अधिकारी अरविंद गौड़ ने बताया कि यात्रा के लिए विभिन्न विभागों की ओर से तैयार 121 योजनाओं के प्रस्ताव स्वीकृति के लिए शासन को भेज दिए गए हैं। 125 प्रस्तावों पर जिला स्तर पर कार्रवाई गतिमान है। शासन से पांच सड़क व सड़क सुरक्षा कार्यों की वित्तीय और प्रशासनिक स्वीकृति मिल गई है। इन पर कार्रवाई की जा रही है।
कलेक्ट्रेट परिसर में आयोजित बैठक में एडीएम ने अति आवश्यक वाले कार्यों के प्रस्ताव शीघ्र तैयार करने, प्रस्ताव तैयार करने से पहले कार्य की उपयोगिता और आवश्यकता का ध्यान रखने, यात्रा मार्ग के पैदल रास्तों, सड़क, पार्किंग, बिजली, पेयजल, आवास आदि के प्रस्ताव शीघ्र तैयार करने के निर्देश दिए। साथ ही एसडीएम को यात्रा मार्ग का निरीक्षण कर मूलभूत सुविधाओं की स्थिति पर विस्तृत रिपोर्ट प्रस्तुत करने के निर्देश दिए। पुलिस विभाग को भी व्यवस्था बनाने के लिए प्रस्ताव तैयार करने के लिए कहा। इस अवसर पर बदरीनाथ वन प्रभाग के वन क्षेत्राधिकारी सर्वेश दुबे, पुलिस उपाधीक्षक अमित सैनी, एसडीएम राजकुमार पांडे, मुख्य चिकित्साधिकारी डॉ. अभिषेक गुप्ता सहित आदि मौजूद रहे।
जल जीवन मिशन के कार्यों में लाएं तेजी
गोपेश्वर। जिलाधिकारी संदीप तिवारी ने जल जीवन मिशन के अंतर्गत संचालित कार्यों की समीक्षा बैठक ली। उन्होंने जल निगम और जल संस्थान के अधिकारियों को मिशन के तहत स्वीकृत योजनाओं को तेजी से पूर्ण करने के निर्देश दिए।
जिलाधिकारी ने जल जीवन मिशन के अंतर्गत जिन योजनाओं का अधिकांश कार्य हो चुका है उनको प्राथमिकता पर पूर्ण कराने, बीडीओ के स्तर से गांवों में किए जा रहे हर घर जल सर्वेक्षण कार्याें को शीघ्र पूरा करने के निर्देश दिए। कहा कि इसमें जो भी शिकायत या समस्याएं आ रही हैं उनके तत्काल निस्तारण करते हुए रिपोर्ट उपलब्ध कराएं। हर घर जल सर्टिफिकेशन और स्रोत की जियो टैगिंग में भी प्रगति लाएं। जल जीवन मिशन के नोडल अधिकारी/जल संस्थान के अधीक्षण अभियंता सुशील कुमार सैनी ने बताया कि मिशन के अंतर्गत दूसरे चरण में जिले में कुल 571 योजनाओं में से 468 पूर्ण कर ली गई हैं और 103 योजनाओं का कार्य चल रहा है। कुल 1337 पेयजल स्रोत में से 1109 स्रोत की जियो टैगिंग कर ली गई है। संवाद