कर्णप्रयाग। कर्णप्रयाग कोतवाली परिसर को सुरक्षा की दरकार है। कोतवाली के नजदीक से बहने वाले कमेड़ा गदेरे के कटाव से परिसर, कर्मियों के आवास, पैदल रास्ता और शिव मंदिर खतरे में हैं।
कोतवाली परिसर के नीचे से करीब एक दशक से भूस्खलन हो रहा है। एक दशक पूर्व यहां सड़क किनारे कुछ मीटर ऊंची सुरक्षा दीवार लगाई गई लेकिन अधूरी दीवार के कारण बरसात में परिसर को खतरा बना है। पुलिस-प्रशासन ने कई बार सुरक्षा दीवार बनाने का प्रस्ताव नगर पालिका और अन्य विभागों को भेजा लेकिन स्वीकृति न मिलने से मामला अटका हुआ है। पूर्व नगर पालिका अध्यक्ष दमयंती रतूड़ी ने बताया कि उनके कार्यकाल के अंतिम समय में सुरक्षा दीवार और चेकडैम का प्रस्ताव बोर्ड बैठक में रखा गया था। वित्तीय स्वीकृति न मिलने के कारण निर्माण कार्य नहीं हो पाया। वहीं नगर पालिका के अधिशासी अधिकारी नरेंद्र सिंह रावत ने कहा कि डीपीआर और इस्टीमेट बनाकर सुरक्षा दीवार का निर्माण किया जाएगा। संवाद