चतुर्थ केदार भगवान रुद्रनाथ धाम के कपाट खुलने की प्रक्रिया शनिवार से शुरू हो गई है। शनिवार को पूजा- अर्चना के बाद धाम के पुजारी और श्रद्धालुओं की मौजूदगी में शीतकालीन गद्दी स्थल गोपीनाथ मंदिर में रुद्रनाथ भगवान की उत्सव प्रतिमा को मंदिर के गर्भ गृह से निकाल कर श्रद्धालुओं के दर्शनार्थ रखा गया है।
यहां शनिवार और रविवार को गोपीनाथ मंदिर में प्रवास के बाद रुद्रनाथ भगवानक की उत्सव डोली 16 मई को रुद्रनाथ धाम को प्रस्थान करेगी। रुद्रनाथ धाम के मुख्य पुजारी प्रयागदत्त भट्ट ने बताया कि उत्सव यात्रा 16 मई को गोपीनाथ मंदिर में पूजा- अर्चना के बाद रुद्रनाथ धाम के लिए रवाना होगी।
16 मई को उत्सव डोली गोपेश्वर गांव, गंगोलगांव, सगर, ग्वाड गांवों का भ्रमण कर रात्रि विश्राम के लिए ल्वींटी पड़ाव पहुंचेगी। 17 मई को सुबह प्रस्थान कर पनार पड़ाव पर बाल भोग व राज भोग लगाकर उत्सव यात्रा पितृधार और पंचगंगा होते हुए रुद्रनाथ धाम पहुंचेगी।
इसके बाद 18 मई को पौराणिक परंपराओं के साथ रुद्रनाथ धाम के कपाट ग्रीष्मकाल के लिए खोले जाएंगे। इस मौके पर विजय प्रसाद, कमलेश, नवल भट्ट, महादेव प्रसाद, अरविंद भट्ट सहित कई ग्रामीण मौजूद थे।