स्थानीय लोगों ने उठाई मांग
कहा-कई वाहन बदलकर पहुंचा पड़ता है गंतव्य तक
संवाद न्यूज एजेंसी
गोपेश्वर। सीमांत जनपद चमोली के गोपेश्वर से कोटद्वार तक रोडवेज बस सेवा का संचालन दोबारा शुरू करने की मांग उठने लगी है। लोगों ने कहा कि राज्य गठन से पूर्व गोपेश्वर-कोटद्वार रोडवेज बस सेवा संचालित होती थी लेकिन राज्य गठन के बाद इसका संचालन बंद कर दिया गया जिससे लोगों को आवाजाही में परेशानी उठानी पड़ रही है।
वरिष्ठ अधिवक्ता ज्ञानेंद्र खंतवाल, साहित्यकार डॉ. दर्शन सिंह नेगी और व्यापारसंघ अध्यक्ष विनोद जोशी ने कहा कि पूर्व में नजीबाबाद से रोडवेज बस कोटद्वार होते हुए गोपेश्वर पहुंचती थी। चारधाम यात्री के साथ ही स्थानीय लोग पौड़ी, कोटद्वार तक जाने के लिए इसी बस में सफर करते थे लेकिन अब बस सेवा न होने से लोगों को कर्णप्रयाग, श्रीनगर, पौड़ी में वाहन बदलकर कोटद्वार तक जाना पड़ता है। इसमें आर्थिक के साथ ही समय का नुकसान भी हो रहा है। बहुगुणा विचार मंच के गढ़वाल/कुमाऊं संयोजक अधिवक्ता हरीश पुजारी का कहना है कि उत्तराखंड परिवहन की बसों का पहाड़ में टोटा है। लोगों को जीप-टैक्सी से ही लंबी दूरी तक सफर करना पड़ता है। अभी तक गोपेश्वर से नैनीताल और देहरादून के लिए ही एक-एक बस सेवा उपलब्ध है। परिवहन विभाग को सीमांत चमोली जिले से गोपेश्वर-कोटद्वार, गोपेश्वर-श्रीनगर (गढ़वाल) और गोपेश्वर-ऋषिकेश बस सेवा का संचालन शीघ्र शुरू कर देना चाहिए।