प्रधानमंत्री रोजगार सृजन कार्यक्रम के तहत अब उद्यम स्थापित करने के लिए बैंक से ऋण लेना आसान हो गया है। उद्यमी बिना जिला स्तरीय टास्क फोर्स की सहमति के ही जिला उद्योग विभाग से बैंक ऋण ले सकते हैं। केंद्र सरकार के सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्योग मंत्रालय की ओर से इसी वित्तीय वर्ष में यह नियम लागू कर दिया गया है।
अभी तक विभिन्न उद्यमों को स्थापित करने के लिए लोग उद्योग विभाग के माध्यम से बैंक ऋण के लिए आवेदन करते थे, जिसके बाद जिला स्तरीय टास्क फोर्स कमेटी की ओर से लाभार्थी का चयन किया जाता था। कई बार लाभार्थी की ओर से निर्धारित धनराशि में कमेटी की ओर से फेरबदल कर दिया जाता था। जिला उद्योग विभाग के महाप्रबंधक डा. एमएस सजवाण ने बताया कि अब पीएमईजीपी (प्रधानमंत्री रोजगार सृजन कार्यक्रम) के तहत लाभार्थी को आवेदन करने के बाद सीधे बैंक से ऋण उपलब्ध कराया जा रहा है। चालू वित्तीय वर्ष से ही यह लागू हो गया है। उन्होंने बताया कि अभी तक पीएमईजीपी के तहत 134 और मुख्यमंत्री स्वरोजगार योजना के तहत 130 आवेदन विभाग को प्राप्त हो चुके हैं।