फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

पालिका के खुद के नालों की निकासी नदी में

Thu, 28 Jan 2016 09:56 PM IST
ब्यूरो/ अमर उजाला
विज्ञापन
विज्ञापन
 सीवर और अन्य गंदगी को नदी में प्रवाहित होने से रोकने के लिए पालिका भले ही अभियान चला रही हो लेकिन पालिका की ओर से खुद ही गंदे नालों की निकासी सीधे नदी में की गई है।
विज्ञापन


ऐसे में लोग पालिका की कार्यप्रणाली पर भी सवाल उठा रहे हैं।


एनजीटी (नेशनल ग्रीन ट्रिब्यूनल) के तहत पालिका प्रशासन गंगा की सहायक नदियों में सीवर, होटलों और घरों की गंदगी के प्रवाह को रोकने के लिए अभियान चलाए हुए हैं।

इस दौरान 14 से अधिक होटलों/घरों को चिह्नित कर तीन दिनों में नोटिस का स्पष्टीकरण भी मांगा गया है।

पूर्व प्रमुख राजेंद्र सिंह सगोई कहते हैं कि बाजार क्षेत्र में पालिका के आठ यूरेनल (पेशाबघर) हैं जिनकी निकासी नालों से सीधे पिंडर नदी में है।

वहीं दर्जन भर से अधिक नालों का गंदा पानी भी बिना ट्रीटमेंट के सीधे नदी में डाला जा रहा है। ऐसे में पालिका को पहले इनका ट्रीटमेंट करना चाहिए।

नगर पालिका अध्यक्ष सुभाष गैरोला ने कहा कि नदी किनारे की गंदगी को प्रवाहित होने से रोकने के लिए नदी किनारों पर 10 सामुुदायिक पिट बनाने का प्रस्ताव शहरी विकास मंत्री प्रीतम सिंह पंवार को भेजा गया है।
विज्ञापन




इंसेट
अभियान जारी
नालियों और सीधे नदी में सीवर प्रवाहित करने के मामले में पालिका प्रशासन का अभियान लगातार जारी है। ईओ एलके मिश्र और उनकी टीम ने मुख्य बाजार से अपर बाजार जाने वाले मार्ग पर बनी बस्ती में सघन निरीक्षण किया। मिश्र ने बताया कि चार लोगों को नोटिस देते हुए सीवर की उचित व्यवस्था करने के लिए कहा गया है।
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें