पीपलकोटी/ज्योतिर्मठ। उर्गम घाटी की भगवती कालिंका मेद्यूल देवी की दिवारा यात्रा रात्रि प्रवास के लिए सुदूरवर्ती गांव लांजी पहुंची। करीब 10 किलोमीटर की पैदल दूरी तय कर यात्रा लांजी गांव पहुंची। यहां भक्तों ने देवयात्रा का फूल मालाओं से स्वागत किया। मां कालिंका की डाेली पोखनी गांव में भूमियाल देवता व अन्य देवी मंदिरों के दर्शनों के लिए भी पहुंंची। मां कालिंका के अवतारी पुरुष लक्ष्मण सिंह नेगी ने बताया कि मां कालिंका की डोली यात्रा अब ज्योतिर्मठ क्षेत्र के गांवों में पहुंच गई है। संवाद
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पांडव चौक पर केले का पेड़ लगाया
पीपलकोटी। बंड क्षेत्र के दिगोली गांव में पांडव नृत्य आयोजन के तहत बृहस्पतिवार को पांडव चौक पर केले का पेड़ लगाया गया। इस दौरान पांडवों के अवतारी पुरुषों ने अस्त्र-शस्त्रों के साथ नृत्य किया। केले के पौधे का रोपण करने के बाद देवताओं और पूर्वजों का आह्वान किया गया। पांडव नृत्य आयोजन समिति के अध्यक्ष हरि दर्शन सिंह रावत ने बताया कि पांडव नृत्य लोक परंपराओं से जुड़ा हुआ है। आयोजन में सल्ला और केले के पौधों का प्रतीकात्मक उपयोग होता है। इस मौके पर बंड संगठन के अध्यक्ष देवेंद्र सिंह नेगी, हरीश पुरोहित, प्रकाश सिंह, सूरज पुरोहित, प्रदीप नैनवाल, आशुतोष चौहान, यशवंत रावत, कुष्णा पुरोहित, धीरेंद्र प्रसाद आदि मौजूद रहे। संवाद
घंडियाल जात का महायज्ञ के साथ समापन
रुद्रप्रयाग। महायज्ञ के साथ थाती बड़मा में आयोजित पांच दिवसीय घंडियाल जात का महायज्ञ के साथ समापन हो गया। पांच दिवसीय अनुष्ठान के दौरान ग्रामीणों व भक्तों ने घंडियाल देवता के दर्शन किए। आखिरी दिन श्री घंडियाल महाराज ने सभी ध्याणियों को आशीर्वाद दिया और पुनः पांच साल बाद जात में आने का वचन भी दे गए। महाजात के अध्यक्ष कालीचरण रावत ने कहा कि घंडियाल देवता की जात का अगली बार और भव्य आयोजन किया जाएगा। घंडियाल महाराज समिति के सचिव अनसूया नेगी, कोषाध्यक्ष सज्जन रावत ने कहा कि इस जात में युवाओं की भागीदारी को और अधिक बढ़ाया जाएगा। जिला पंचायत अध्यक्ष पूनम कठैत ने जात स्थल पर भोजन कक्ष निर्माण के लिए दस लाख की मांग पर सहमति दी है। वहीं रुद्रप्रयाग विधायक भरत चौधरी ने सभा मंडप के लिए दस लाख व जिला पंचायत सदस्य निर्मला बहुगुणा ने सौंदर्यीकरण के लिए पांच लाख की धनराशि देने की स्वीकृति दी। संवाद