देवाल। ल्वाणी गांव में मां नंदा देवी की परंपरानुसार पूजा-अर्चना की गई। इसके बाद ग्रामीणों ने मां नंदा की डोली को बमणबेरा गांव पहुंचाया। बमणबेरा में नंदा के पुजारी कुनियाल ब्राह्मणों व कांडेई के ग्रामीणों ने मां नंदा व श्रद्धालुओं का स्वागत किया। इस दौरान झोड़ा व देव नृत्य हुआ और महिलाओं ने जागर गीत गाए। देर शाम को नंदा की डोली फर्स्वाण गांव से उलंग्रा पहुंची जहां भक्तों ने भव्य स्वागत किया। शुक्रवार को लोकजात यात्रा बेराधार में प्रवास करेगी। संवाद