चमोली जिले में कई गांवों को जोड़ने वाली सड़कें भूस्खलन और पुश्ता क्षतिग्रस्त होने से बंद पड़ी हैं। जिले में 135 सड़कें भूस्खलन से बंद थीं, जिसमें से 110 सड़कें वैकल्पिक रूप से सुचारु कर दी गई हैं, जबकि 25 सड़कें अभी भी बंद हैं। सड़कें बंद होने से ग्रामीणों को लंबी दूरी तक पैदल आवाजाही करनी पड़ रही है।
दशोली ब्लाक के करीब 40 गांवों को यातायात से जोड़ने वाली चमोली-लासी-सरतोली सड़क मलबा और बोल्डर आने से तीन दिनों से बंद है। साथ ही कनकचौंरी-पोगठा, उड़ामांडा-रौता, कुहेड़-मैठाणा, खन्नी-पैणी-कुजासू, नंदकेशरी-ग्वालदम, थराली-घाट-डुंग्री, थराली-कुराड़, गोपेश्वर-मंडल-ऊखीमठ, पुरसाड़ी-पलेठी, थराली-जूनीधार-गोठिंडा, कर्णप्रयाग-धारडुंग्री-मैखुरा-कंडारा आदि सड़कें बंद पड़ी हैं। कई गांवों में पैदल रास्ते भी तहस-नहस पड़े हैं। लासी गांव के ग्राम प्रधान नयन कुंवर ने बार-बार भूस्खलन से बाधित हो रही लासी-सरतोली सड़क का समरेखण बदलने की मांग उठाई। जिला आपदा प्रबंधन अधिकारी नंद किशोर जोशी ने बताया कि सड़कों को खोलने के लिए जेसीबी व मैन पावर तैनाती की गई हैं। सड़कों को प्राथमिकता से खोला जा रहा है। संवाद