चमोली जिले के दूरस्थ गांव डुमक की घटना, घास लेने जंगल गए थे दंपती
घायल महिला को हेली सेवा से भेजा गया ऋषिकेश
संवाद न्यूज एजेंसी
गोपेश्वर। चमोली जिले के दूरस्थ गांव डुमक में दंपती घास लेने जंगल गए थे जहां भालू ने उन पर हमला कर दिया। भालू के हमले में पति की मौत हो गई जबकि पत्नी गंभीर रूप से घायल हो गई। महिला को हेली सेवा से एम्स ऋषिकेश में भर्ती कराया गया।
डुमक गांव निवासी सुंदर सिंह (37) और उनकी पत्नी लीला देवी घास लेने के लिए गांव के पीछे करीब डेढ़ किमी दूर जंगल में गए थे। सुबह सात बजे जंगल पहुंचते ही अचानक लीला देवी पर भालू ने हमला कर दिया। लीला देवी के चिल्लाने की आवाज सुनकर उनके पति सुंदर सिंह पहुंचे और शोर मचाकर भालू को भगाने का प्रयास किया। इस पर भालू ने लीला देवी को छोड़कर सुंदर सिंह पर हमला कर दिया। भालू के हमले में बुरी तरह घायल सुंदर सिंह चट्टान से नीचे गिर गए जिसके बाद भालू वहां से भाग गया। शोर सुनकर आसपास घास निकाल रहीं महिलाएं मौके पर पहुंचीं और घटना की सूचना ग्रामीणों को दी। ग्रामीण सुंदर सिंह और उनकी पत्नी को गांव ले जाने लगे लेकिन रास्ते में ही सुंदर सिंह ने दम तोड़ दिया। वहीं केदारनाथ वन्य जीव प्रभाग की टीम भी रुद्रनाथ क्षेत्र में गश्त के लिए डुमक गांव आई थी। घटना की सूचना पर टीम भी वहीं रुक गई। ग्रामीणों की सूचना और जिला प्रशासन की पहल पर हेलिकॉप्टर से घायल महिला को एम्स ऋषिकेश पहुंचाया गया। ग्राम प्रधान यमुना भंडारी ने बताया कि वन विभाग की ओर से घायल के उपचार के लिए 50 हजार रुपये की मदद दी गई है। दंपती की बेटी कक्षा 11 में पढ़ती है वहीं बेटा 12वीं में है।