घाट-नंदप्रयाग सड़क डेढ़ लेन करने की मांग को लेकर चल रहे आंदोलन के समर्थन में अब ग्रामीण ग्राम पंचायत स्तर पर धरना देंगे। इसके तहत ग्रामीण अपने-अपने गांवों में धरना-प्रदर्शन करेंगे। साथ ही ग्राम प्रधान संगठन घाट ने चेतावनी दी यदि मांग जल्द नहीं मानी गई तो ब्लॉक के प्रधान भी कार्य बहिष्कार शुरू कर देंगे। उसके बाद भी सरकार नहीं चेती तो सामूहिक इस्तीफे पर विचार किया जाएगा।
घाट आंदोलन शुरू करने वाले व्यापार और टैक्सी यूनियन के पदाधिकारियों ने बृहस्पतिवार को जीएमवीएन गोपेश्वर में पत्रकार वार्ता की। उन्होंने कहा कि जब तक डेढ़ लेन सड़क का काम शुरू नहीं हो जाता वह आंदोलन खत्म नहीं करेंगे। घाट व्यापार संघ अध्यक्ष चरण सिंह नेगी ने कहा कि बुधवार को सीएम त्रिवेंद्र रावत से भेंट के दौरान सीएम ने कहा कि तीन करोड़ रुपये से सड़क का डामरीकरण होगा और फिर आगे का काम किया जाएगा। आंदोलनकारियों का कहना है कि डामरीकरण के बाद डेढ़ लेन का काम होना धन की बर्बादी होगी। सरकार को इसी पैसे को रिवाइज कर डेढ़ लेन का जीओ जारी कर तुरंत काम शुरू करवाना चाहिए। उन्होंने कहा कि मांग को लेकर अब आंदोलन तेज करते हुए ग्राम पंचायत स्तर पर धरना शुरू किया जाएगा। क्षेत्र के जो लोग देहरादून में रहते हैं वह भी देहरादून में धरना-प्रदर्शन करेंगे। इस दौरान टैक्सी यूनियन घाट के अध्यक्ष मनोज कठैत, नंदप्रयाग टैक्सी यूनियन के अध्यक्ष प्रेम सिंह राणा, कनिष्ठ उपप्रमुख भरत सिंह नेगी, प्रधान संगठन के अध्यक्ष लखपत सिंह रावत, कुंवर राम और टैक्सी यूनियन कांडई पुल के अध्यक्ष रणजीत सिंह रावत आदि मौजूद रहे।
बजट सत्र के दौरान होगा घेराव
घाट व्यापार संघ अध्यक्ष ने कहा कि अगर जल्द मांग पूरी नहीं हुई तो गैरसैंण में होने वाले बजट सत्र में विधानसभा का घेराव किया जाएगा। टैक्सी यूनियन ग्रामीणों को निशुल्क गैरसैंण तक ले जाएगी।