बंड क्षेत्र के जैसाल गांव के ग्रामीणों ने टीएचडीसी पर जल विद्युत परियोजना के नाम पर उनके हकहकूकों को तहस-नहस करने का आरोप लगाया।
कहा गया कि परियोजना निर्माण से पूर्व टीएचडीसी प्रबंधन ने एसडीएम की मौजूदगी में जैसाल गांव के लिए सड़क निर्माण पर अपनी सहमति दी थी, लेकिन अब कंपनी के अधिकारी अब इससे पल्ला झाड़ रहे हैं। कहा गया कि कंपनी प्रबंधन के खिलाफ आंदोलन की रणनीति तैयार की जाएगी।
जैसाल गांव में हुई बैठक में ग्रामीणों ने कहा कि जैसाल गांव के ठीक नीचे अलकनंदा पर बन रही पीपलकोटी जल विद्युत परियोजना का कार्यस्थल है।
कंपनी की ओर से गांव के पैतृक श्मशान घाट, पैदल रास्तों और जंगल को भी क्षति पहुंचाई गई है। टीएचडीसी प्रबंधन जैसाल गांव के लिए मेरा गांव-मेरी सड़क योजना के अंतर्गत बन रही सड़क के कार्य को बाधित करने का भी प्रयास कर रही है।
प्रभावित गांवों मेें पंचायत प्रतिनिधियों की ओर से किए जा रहे विकास कार्यों में खलल डाली जा रही है। इसका पुरजोर विरोध किया जाएगा। इस मौके पर ग्राम प्रधान मीना देवी, कनिष्ठ उपप्रमुख विनीता देवी, दिनेश कुलसारी और आशाराम आदि मौजूद थे।