पोखरी ब्लाक के उत्तरौं गांव में मनरेगा कार्यों में भारी अनियमितता मिलने पर डीएम स्वाति एस भदौरिया ने संबंधित ग्राम विकास अधिकारी व अवर अभियंता को प्रतिकूल प्रविष्टि जारी की है। साथ ही गबन के 2 लाख, 11 हजार, 524 रुपये की वसूली करते हुए वसूली धनराशि को राजकोष में जमा करवा दिया गया है।
बीते दिनों उत्तरौं गांव के ग्रामीणों ने गांव में मनरेगा के तहत किए गए कार्यों में अनियमितता की शिकायत जिलाधिकारी से की थी। इस पर जिलाधिकारी ने संयुक्त मजिस्ट्रेट आकांक्षा वर्मा की अध्यक्षता में टीम गठित कर गांव में मनरेगा कार्यों की जांच कराई। जांच में मनरेगा कार्यों में भारी वित्तीय अनियमितता सामने आई। धरातल पर काम नहीं दिखे जो कुछ हुए भी उनकी गुणवत्ता सही नहीं थी। साथ ही आवंटित बजट के सापेक्ष कार्य अधूरा था समेत कई अनियमितताएं मिलीं। जांच में ग्राम प्रधान, ग्राम पंचायत विकास अधिकारी व जेई दोषी पाए गए। जिलाधिकारी ने मनरेगा कार्यों में अनियमितता एवं गबन के दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करते हुए ग्राम पंचायत अधिकारी व जेई को प्रतिकूल प्रविष्टि जारी कर दी है। साथ ही गबन के 2 लाख, 11 हजार, 524 रुपये की वसूली करते हुए वसूली धनराशि को राजकोष में जमा करवा दिया गया है।