गोपेश्वर। पंचकेदारों में चतुर्थ केदार भगवान रुद्रनाथ रविवार को शाम चार बजकर 10 मिनट पर गोपेश्वर के गोपीनाथ मंदिर में विराजमान हो गए हैं। अब शीतकाल में छह माह तक रुद्रनाथ की पूजा-अर्चना गोपीनाथ मंदिर में ही होगी। बता दें कि भगवान रुद्रनाथ के कपाट शुक्रवार 17 अक्तूबर को शीतकाल के लिए बंद हो गए थे।
रविवार को ग्वाड़ गांव से सैकड़ों भक्तों और ढोल-दमाऊं के साथ रुद्रनाथ की उत्सव डोली शाम साढे़ तीन बजे गोपीनाथ मंदिर प्रांगण में पहुंची। यहां भगवान रुद्रनाथ के आने का इंतजार कर रहे महिलाओं और पुरुषों ने फूल-मालाओं के साथ देव डोली का स्वागत किया। इसके बाद भगवान रुद्रनाथ को गोपीनाथ मंदिर में विराजमान किया गया। रुद्रनाथ मंदिर के पंडित हरीश भट्ट और बंशी प्रसाद भट्ट ने यहां पूजा कराई। इस मौके पर पद्म विभूषित चंडी प्रसाद भट्ट, पूर्व बीकेटीसी अध्यक्ष अनसूया प्रसाद भट्ट, कमल किशोर डिमरी, शंभू प्रसाद तिवारी और नवल भट्ट आदि मौजूद थे।