कर्णप्रयाग। अगर मुख्यमंत्री विजय बहुगुणा की तीन नवंबर को गैरसैंण कैबिनेट में की गई घोषणा में शामिल कर्णप्रयाग पिंडर नदी पर झूला पुल निर्माण को शासन से स्वीकृति मिली तो लोगों की एक दशक पुरानी मांग पूरी हो जाएगी। इसके साथ ही आईटीआई वार्ड की मुख्य बाजार से भी लगभग दो किमी दूरी कम हो जाएगी।
पिंडर नदी के तट के दोनों छोर पर बसे आईटीआई वार्ड और सांकरी (सुभाष नगर) क्षेत्र के लिए झूला पुल निर्माण की मांग लंबे समय से होती आ रही है। इस बार मुख्यमंत्री ने गैरसैंण कैबिनेट में विधानसभा भवन के अलावा 23 अन्य घोषणाएं भी कीं, जिसमें सांकरी में झूला पुल निर्माण भी शामिल है। ऐसे में अब झूला पुल निर्माण की शासन से स्वीकृति की उम्मीदें भी बढ़ गई हैं। स्थानीय लोगों के अनुसार पुल निर्माण से आईटीआई वार्ड से मुख्य बाजार की दूरी लगभग दो किमी कम हो जाएगी। स्थानीय निवासी एमएल शाह, केएस नेगी, हेमंत खंडूरी आदि का कहना है कि पुल बनने से स्थानीय लोगों को लाभ होगा। पुल की स्वीकृति और निर्माण के लिए जनप्रतिनिधियों और विभाग को त्वरित प्रयास करने चाहिए।
इनका कहना है--
सुभाषनगर झूला पुल की घोषणा का लिखित आदेश अभी नहीं मिला है लेकिन स्वीकृति संभवत: मिल चुकी है। झूला पुल का निर्माण लोनिवि को ही करना है। पूर्व में भी झूला पुल निर्माण का एक इस्टीमेट शासन को भेजा जा चुका था। झूला पुल लगभग 90 मीटर स्पान का बनेगा।
-प्रत्युश कुमार, ईई लोक निर्माण विभाग कर्णप्रयाग